Ranchi News: उकरीद स्थित तरंगिनी लिकर्स प्राइवेट लिमिटेड के बॉटलिंग प्लांट पर जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। रांची के DC मंजूनाथ भजंत्री ने प्लांट का लाइसेंस रद्द कर दिया है। जांच के दौरान प्लांट में कथित तौर पर बिना अनुमति शराब तैयार करने और बिना रिकॉर्ड के स्टॉक रखे जाने से जुड़े मामले सामने आए थे।
मामले में तीन लोगों की हुई थी गिरफ्तारी
इस प्रकरण में राजद के पूर्व MLC सुबोध कुमार राय, देवेंद्र भगत और रविकांत राय को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। बाद में सुबोध कुमार राय को जमानत मिल गई थी। मामले की जांच और कानूनी प्रक्रिया आगे भी जारी है। उत्पाद विभाग और ओरमांझी पुलिस की संयुक्त टीम ने 1 जुलाई को बॉटलिंग प्लांट में छापेमारी की थी। कार्रवाई के बाद प्लांट को सरकारी सील कर दिया गया था। इसके बाद नियमों के तहत प्लांट में रखे शराब के स्टॉक और संबंधित दस्तावेजों की जांच मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में की जानी थी।
सील खुलने पर टूटा मिला ताला, स्टॉक और कागजात भी गायब
17 अगस्त को जब जांच के लिए प्लांट की सील खोली गई तो पीछे के दरवाजे का ताला टूटा हुआ मिला। इसके बाद अंदर की जांच में शराब की कई पेटियां, जरूरी दस्तावेज और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य गायब पाए गए। मामले को गंभीर मानते हुए जिला प्रशासन ने अब बॉटलिंग प्लांट का लाइसेंस रद्द करने का फैसला लिया है। प्रशासन की ओर से मामले में आगे की जांच और आवश्यक कानूनी कार्रवाई जारी है।