Jharkhand News: लैब असिस्टेंट नियुक्ति प्रक्रिया से बाहर किए गए अभ्यर्थियों को हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली. सुभाष कुमार दास समेत अन्य याचिकाकर्ताओं की याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने इसे खारिज कर दिया. मामला डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन में शामिल न होने से जुड़ा था, जिसके आधार पर आयोग ने उन्हें अयोग्य घोषित किया था.
दो बार मौका मिलने के बावजूद वेरिफिकेशन में शामिल नहीं हुए, आयोग ने किया अयोग्य घोषित
मामले की सुनवाई हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत में हुई. रिकॉर्ड के अनुसार सुभाष कुमार दास और अन्य अभ्यर्थी डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन की प्रक्रिया में शामिल नहीं हो पाए थे. इसके बाद आयोग ने नियमों के तहत उन्हें अयोग्य घोषित करते हुए नियुक्ति प्रक्रिया से बाहर कर दिया. इसी निर्णय के खिलाफ अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.
JSSC ने कोर्ट में रखा पक्ष, तय तारीख पर अनुपस्थिति की दी जानकारी
सुनवाई के दौरान JSSC की ओर से अधिवक्ता संजोय पिपरवाल ने पक्ष रखा. उन्होंने अदालत को बताया कि आयोग ने याचिकाकर्ताओं को दो बार डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए बुलाया था, लेकिन वे निर्धारित तारीख पर उपस्थित नहीं हुए. इस आधार पर आयोग की कार्रवाई को सही ठहराया गया.