Ranchi News: रांची की यातायात व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए शुक्रवार को 303 करोड़ रुपये की दो बड़ी सड़क परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया. रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (वर्चुअल माध्यम) ने इन योजनाओं की नींव रखी. इसके तहत एनएच-33 पर रामपुर चौक के पास एक शानदार ओवरब्रिज और विकास चौक (इरबा) के पास एक भूमिगत टनल का निर्माण किया जाएगा. ये दोनों परियोजनाएं रांची-जमशेदपुर और रांची-हजारीबाग मार्ग पर लगने वाले भारी जाम को खत्म करने में मील का पत्थर साबित होंगी, जिससे यात्रियों का सफर तेज और सुरक्षित हो सकेगा.
झारखंड में 17 हजार करोड़ की नई योजनाओं का रोडमैप
शिलान्यास समारोह के दौरान संजय सेठ ने राज्य के भविष्य के इंफ्रास्ट्रक्चर की भी जानकारी साझा की. उन्होंने बताया कि आने वाले समय में झारखंड में लगभग 17 हजार करोड़ रुपये की लागत से 450 किलोमीटर नई सड़कें बनाई जाएंगी. इसमें वाराणसी-कोलकाता एक्सप्रेसवे और रांची में प्रस्तावित 6000 करोड़ रुपये का आउटर रिंग रोड मुख्य आकर्षण हैं. ये परियोजनाएं न केवल ट्रैफिक प्रबंधन को बेहतर करेंगी, बल्कि राज्य में क्षेत्रीय व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति प्रदान करेंगी.
45 हजार करोड़ के निवेश से बदल रही तस्वीर
वर्तमान में झारखंड के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए करीब 45 हजार करोड़ रुपये की लागत से 1500 किलोमीटर से अधिक सड़कों पर काम चल रहा है. इसमें गोला-ओरमांझी सड़क, चुटुपालू घाटी का चौड़ीकरण और विभिन्न रेल ओवरब्रिज शामिल हैं. कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद महुआ माजी और अन्य जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में संजय सेठ ने कहा कि केंद्र सरकार के इन प्रयासों से झारखंड की कनेक्टिविटी पड़ोसी राज्यों से बेहतर होगी और विकास की रफ्तार और तेज होगी.