Jharkhand News: गिरिडीह और हजारीबाग की सीमा पर चलपनिया और आठमाइल इलाके में उत्पाद विभाग की सघन कार्रवाई में नकली विदेशी शराब बनाने का एक बड़ा ठिकाना पकड़ा गया है. रांची उत्पाद आयुक्त के निर्देश पर इंटेलिजेंस विंग की टीम ने यह छापेमारी की. इस इलाके से लगातार नकली शराब निर्माण की जानकारी मिल रही थी और जांच में यह बात सामने आई कि शराब की पैकिंग में झारखंड और उत्तर प्रदेश सरकार के नकली होलोग्राम लगाए जा रहे थे.
छापेमारी कृष्णा साव के घर पर की गई जहां बड़ी मात्रा में तैयार शराब और करीब 4 हजार लीटर स्पिरिट मिली है. टीम ने शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले कई उपकरण और नकली होलोग्राम भी जब्त किए हैं. उत्पाद विभाग के अनुसार जब्त की गई सामग्री की अनुमानित कीमत करीब 80 लाख रुपये आंकी गई है. यह भी सामने आया है कि यहां तैयार शराब की तस्करी बिहार, झारखंड और आसपास के राज्यों में की जा रही थी.
यह कार्रवाई संकेत देती है कि नकली शराब का नेटवर्क ग्रामीण और बॉर्डर इलाकों में गहराई से फैला हुआ है. नकली होलोग्राम की मौजूदगी बताती है कि पूरी सप्लाई चेन संगठित तरीके से काम कर रही थी. इस तरह की शराब न केवल राजस्व को नुकसान पहुंचाती है बल्कि उपभोक्ताओं के लिए गंभीर खतरा भी साबित हो सकती है. इस भंडाफोड़ के बाद उत्पाद विभाग पर यह दबाव बढ़ेगा कि नेटवर्क के बाकी हिस्सों की पहचान कर आगे की कार्रवाई तेज की जाए.