वीडियो वायरल होते ही पुलिस सक्रिय, सुधीर का यूटर्न
वीडियो के सामने आने के बाद सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने अपनी टीम को सक्रिय करते हुए नेटवर्क की कड़ी जांच शुरू कर दी। इसी दबाव के बीच चार पांच वर्षों से शहर से दूर चल रहे सुधीर दुबे ने सोशल मीडिया पर एक नया वीडियो जारी कर पुलिस प्रशासन से माफी मांगी।
वीडियो में उसने दावा किया कि उसका अपराध से कोई संबंध नहीं है, उसकी बातों को तोड़ मरोड़कर पेश किया गया है और वह बिहार झारखंड के अपराध जगत से दूरी बना चुका है।
रेलवे पार्किंग विवाद में भी रहा था नाम
जनवरी महीने का रेलवे पार्किंग विवाद भी एक बार फिर चर्चा में है। टाटानगर रेलवे स्टेशन के पार्किंग टेंडर में राजीव राम और सुधीर दुबे का नाम तब सुर्खियों में आया था, जब कर्मचारियों को धमकाते हुए एक ऑडियो वायरल हुआ था।
मेसर्स के नाम से टेंडर लेने वाली महिला के पति राजीव राम के आक्रामक रवैये ने उस समय खूब हंगामा मचाया था। मामला इतना बढ़ गया था कि जिला पुलिस प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा, रेलवे पार्किंग के इतिहास में यह पहला मामला था।
अब वही राजीव राम, जिन्होंने 7 करोड़ की पार्किंग ली थी, भारी घाटे के चलते छह दिन पहले पार्किंग को ‘पेटी पर’ देकर फरार हो गए।
ठगी के कई मामलों में चर्चा
अपराध जगत में यह चर्चा भी जोर पकड़ रही है कि सुधीर दुबे खुद अपराधी कम, ठग ज्यादा है।
• नितिनबाग फायरिंग कांड में नाम
• क्रशर व्यवसाय में अपने ही पार्टनर को ठगा
• विधवा महिला से हाईवा गाड़ी के नाम पर ठगी
• कदमा के स्क्रैप कारोबारी से 50 लाख की ठगी
• जुगसलाई के कारोबारी से 20 लाख की ठगी
यहां तक कि खुद के लकवाग्रस्त होने की अफवाह भी फैलाने की बातें लोगों के बीच चर्चा में हैं।
पुलिस का सख़्त संदेश और सुधीर की झुकी गर्दन
सिटी एसपी का कहना है कि बीती रात तक सुधीर के नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया गया। पुलिस ने साफ संदेश भेजा:
“तुम और तुम्हारा परिवार कहां है, हमें मालूम है। अगर तुम कुछ करोगे, तो हम क्या कर सकते हैं, यह भी बता देंगे।”
इसी सख्ती का नतीजा है कि सुधीर दुबे ने वीडियो जारी कर पुलिस के आगे नतमस्तक होने का संकेत दिया है।