घटना के दौरान विद्यालय में प्रभारी प्राचार्या रीता देवी सहित
घटना के दौरान विद्यालय में प्रभारी प्राचार्या रीता देवी सहित 3–4 शिक्षक उपस्थित थे, परंतु किसी ने न तो पुलिस को सूचना दी और न ही छात्र के परिजनों को। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायल रौनक मुंडा को महात्मा गांधी मेमोरियल (एमजीएम) अस्पताल पहुँचाया, जहाँ उसे ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया तथा बाद में सीटी स्कैन के लिए भेजा गया।
पुलिस को मामले की जानकारी दी और थाने में रिपोर्ट
रौनक की मां संगीता मुंडा ने बताया कि हमले के दौरान उनके बेटे के सिर के पीछे बेल्ट के बक्कल एवं कड़ा से गंभीर चोट पहुंचाई गई। स्थानीय लोगों से सूचना मिलने पर परिवार ने पुलिस को मामले की जानकारी दी और थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
घटना पर युवा जदयू प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य हेमंत पाठक ने कहा
इस घटना पर युवा जदयू प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य हेमंत पाठक ने कहा — “विद्यालय परिसर में इस तरह की घटना बेहद शर्मनाक है। शिक्षकों की नैतिकता मर चुकी है, जो छात्रों की पिटाई होते देख भी मूकदर्शक बने रहे। न किसी ने पुलिस को सूचना दी और न ही अभिभावकों को। विद्यालय प्रबंधन पर यह गंभीर सवाल खड़ा करता है।उन्होंने आगे कहा कि युवा जदयू कल विद्यालय जाकर दोषी छात्रों एवं शिक्षकों पर कार्रवाई की मांग करेगा।