जानकारी के अनुसार
जानकारी के अनुसार, आदर्श के पिता तपन कुम्भकार, जो मजदूरी का काम करते हैं, उसे अपने साथ आस्था सिटी टाउन में अपने साथ ले गए थे। दिन का खाना खाने के बाद, आदर्श बाहर खेल रहा था। खेलते-खेलते वह अचानक खुले पड़े सेप्टिक टैंक में जा गिरा।
जब आदर्श काफी देर तक नजर नहीं आया
जब आदर्श काफी देर तक नजर नहीं आया, तो पिता और अन्य लोगों ने उसे खोजना शुरू किया। खोजबीन के दौरान, सेप्टिक टैंक के पास बच्चे की चप्पल मिली, इसके बाद, सेप्टिक टैंक की जाँच की गई, जहाँ आदर्श बेहोश मिला।
बच्चे को तुरंत नजदीकी मर्सी अस्पताल ले जाया गया
बच्चे को तुरंत नजदीकी मर्सी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से उसे बेहतर इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल रेफर कर दिया गया। हालांकि, एमजीएम में डॉक्टरों ने जाँच के बाद आदर्श को मृत घोषित कर दिया।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर गंभीर सवाल
यह घटना पिता के लिए एक बड़ा सदमा है, जो अपने मासूम बेटे को काम पर साथ लेकर गए थे। पुलिस को इस घटना की सूचना दे दी गई है और सिदगोड़ा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर निर्माण स्थलों और आवासीय क्षेत्रों में खुले पड़े सेप्टिक टैंकों और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर गंभीर सवाल खड़े करता है।