Fatehabad News: हरियाणा के फतेहाबाद जिले अंतर्गत मेहूवाला गांव में हुई दिल दहला देने वाली घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया है. आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुदेश और उनके दो मासूम बच्चों की मौत के मामले में स्थानीय पुलिस ने जांच की रफ्तार तेज कर दी है. मृतका के भाई की तहरीर पर पुलिस ने पति संदीप के खिलाफ हत्या और आत्महत्या के लिए उकसाने की संगीन धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है. इस बीच, पुलिस के हाथ मृतका के मोबाइल से एक बेहद अहम वीडियो लगा है, जिसे घटना से ठीक पहले रिकॉर्ड किया गया था.
पानी की टंकी से मिले थे मां और दो बच्चों के शव
यह दुखद वारदात 6 अगस्त 2026 की बताई जा रही है. जानकारी के मुताबिक, सुदेश अपनी 9 वर्षीय बेटी ज्योति और 8 वर्षीय बेटे विनीत के साथ घर पर अकेली थीं. बाद में तीनों के शव मकान परिसर में बने पानी के टैंक से बरामद किए गए. घटना की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया. सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर तीनों शवों को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए फतेहाबाद के सिविल अस्पताल भेजा, जहां शुक्रवार को प्रक्रिया पूरी की गई.
मोबाइल वीडियो बनेगा केस में मुख्य सबूत
पुलिस को बरामद मोबाइल से मिला वीडियो इस पूरे रहस्य से पर्दा उठाने में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है. मृतका के परिजनों का दावा है कि सुदेश ने इस आखिरी वीडियो में अपने पति की गंभीर नशे की लत और लगातार की जा रही शारीरिक व मानसिक प्रताड़ना का दर्द बयान किया है. भाई प्रवीन के बयानों के आधार पर पुलिस ने इस वीडियो को केस डायरी में बतौर साक्ष्य शामिल कर लिया है. वीडियो की प्रामाणिकता और डिजिटल फोरेंसिक जांच के लिए इसे लैब भेजा जा रहा है.
प्रेम विवाह से हुई थी शुरुआत, पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, सुदेश और संदीप का विवाह वर्ष 2014 में प्रेम विवाह के रूप में हुआ था. शुरुआती छानबीन में सामने आया है कि घटना के समय आरोपी पति संदीप रेलवे स्टेशन पर मौजूद था. फतेहाबाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) और 108 के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है.
फॉरेंसिक रिपोर्ट और साक्ष्यों पर टिकी जांच
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मोबाइल से मिले डिजिटल साक्ष्यों और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की राय के आधार पर वैज्ञानिक तरीके से तफ्तीश को आगे बढ़ाया जा रहा है. पुलिस का स्पष्ट कहना है कि सभी पहलुओं की बारीकी से जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों और पूरी सच्चाई का आधिकारिक खुलासा हो सकेगा.