Ranchi News: राजधानी रांची के अशोक नगर में हुई हाई-प्रोफाइल चोरी की जांच में पुलिस को कई अहम सुराग मिले हैं। जांच में खुलासा हुआ है कि वारदात को अंजाम देने वाले दो आरोपी 8 जुलाई की दोपहर करीब 80 लाख रुपये कीमत की जगुआर कार से रांची पहुंचे थे। कार पर उत्तर प्रदेश का नंबर दर्ज था। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य इनपुट के आधार पर आरोपियों की तलाश में जुटी है।
CCTV से रेकी और तीसरे साथी का सुराग
जांच के अनुसार दोनों आरोपी जगन्नाथपुर स्थित होटल पार्क रिट्रीट में ठहरे थे, जहां उन्होंने एक मुस्लिम व्यक्ति के नाम पर बने फर्जी आधार कार्ड से कमरा लिया। होटल के सीसीटीवी फुटेज में दोनों कई बार बाहर आते-जाते दिखाई दिए, जिससे पुलिस को आशंका है कि उन्होंने वारदात से पहले इलाके की रेकी की थी। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि उनका एक तीसरा साथी दूसरी कार में होटल के बाहर मौजूद था और पुलिस की गतिविधियों पर नजर रख रहा था।
एक घर में चोरी, दूसरे में फायरिंग के बाद बदमाश फरार
रेकी के बाद दोनों आरोपी देर रात अशोक नगर रोड नंबर-4बी स्थित त्रिवेणी बिल्डर अखिलेश पांडेय के घर पहुंचे। एक आरोपी घर के अंदर चोरी करता रहा, जबकि दूसरा बाहर निगरानी करता रहा। इसके बाद उन्होंने बिल्डर निशित केसरी के घर में भी चोरी की कोशिश की, लेकिन वहां मौजूद अंगरक्षक की फायरिंग के बाद दोनों मौके से फरार हो गए। वारदात के बाद आरोपी फिर होटल लौटे और गुरुवार सुबह करीब 5:20 बजे वहां से निकल गए।
SIT गठित, फर्जी आधार कार्ड से जांच को मिला नया सुराग
घटना की गंभीरता को देखते हुए सिटी एसपी पारस राणा ने विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। टीम का नेतृत्व कोतवाली एएसपी निखिल राय को सौंपा गया है। एसआईटी में कोतवाली, धुर्वा, जगन्नाथपुर और पुंदाग ओपी के थाना प्रभारियों को शामिल किया गया है। जांच में होटल में जमा कराया गया आधार कार्ड भी पूरी तरह फर्जी पाया गया है।
अरगोड़ा थाना में दर्ज प्राथमिकी के अनुसार बदमाश 8 लाख रुपये नकद और करीब 90 लाख रुपये के सोने, हीरे, रुबी व चांदी के जेवरात लेकर फरार हुए। परिजनों का आरोप है कि आरोपी अखिलेश पांडेय पर जानलेवा हमला करने की नीयत से घर में घुसे थे। पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है।