National News: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी है, और कहा कि अमेरिका ईरान को मिट्टी में मिलाने के लिए, 1000 मिसाइलें बिल्कुल “लॉक्ड एंड लोडेड” है. यह दावा उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर के आया है. ट्रंप कले इस बयान के बाद वैश्विक राजनीति में ये एक चर्चा का विषय बन गया है.
गुप्त सूत्रों द्वारा प्राप्त हुए जानकारी
ट्रंप ने अपने बयान में कहा है कि, उनको इजरायल द्वारा गुप्त सूत्रों से यह सूचना प्राप्त हुए है कि ईरान द्वारा उनकी हत्या का साजिश रचा जा रहा है. आपको बता दें हाल में हुए नाटो सम्मेलन में भी ट्रंप द्वारा ये मुद्दा उठाया गया था, जिसमें बताया गया था कि ईरान हिट लिस्ट में सबसे ऊपर है. उन्होंने अपने बातों यह भी कहा कि अमेरिकी खुफिया एजेंसियों को भी ईरान की ओर से किया जा रहे कथित साज़िशों का सूचना मिली है, जिसके बाद कड़ी कार्रवाई के और सैन्य जवाबी के निर्देश दिया गया है.
ट्रंप ने सोशल मीडिया के जरिये दी चेतावनी
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट पर बड़े आक्रामक लहजे का इस्तेमाल करते हुए कहा कि , ईरान पूरे विश्व में कहीं भी ट्रंप की हत्या की साजिश करेगा तो अमेरिका ईरान को पूरे तरह तबाह कर देगा.
उन्होंने अपने चेतावनी में यह भी साफ किया कि, अमेरिकी सेना सिर्फ़ ट्रंप के आदेश पर हमले के लिए पूरा तैयार और सेना इतनी सक्षम है कि पूरे एक साल तक ईरान पर लगातार बिना रुकें ईरान पर हमला कर सकते है. ट्रंफ के निर्देश पर सेना इस साजिश को नाकाम करने के लिये पूरे तरह से पहले से ही तैयार है, अगर ट्रंफ की जान को कुछ भी हुआ तो निर्देश के अनुसार ईरान को इसका खामियाजा भुगतना होगा.
वैश्विक राजनीति एक बार फिर मुश्किलों में
आपको याद होगा हाल की जून में दाेनों पक्षों के बीच का तनाव के बाद एक अस्थायी युद्धविराम थम चुका है, लेकिन ठीक उसके बाद यह घटना का सामने आना वैश्विक राजनीति एक बार फिर खतरे में नजर आ रही है, अचानक हुए इस तीखी बयानबाजी ने स्थिति को फिर से 2026 के सबसे संवेदनशील स्तर पर पहुंचा दिया है. पहले भी चाबहार और शाहिद टर्मिनल जैसे इलाकों में सैन्य स्ट्राइक की खबरें आ चुकी हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि क्षेत्रीय सुरक्षा का संतुलन पूरी तरह बिगड़ा हुआ है.
ट्रंप की सेना लगातार एक साल तक हमले के लिये तैयार
ट्रंप की दी हुए चेतावनी से ट्रंप ने यह साफ कर दिया है कि ईरान द्वारा दी हुए इस धमकी को हल्के में बिल्कुल नहीं लिया जाएगा , हालांकि की ईरान द्वारा दी गई इस धमकी की कोई पुष्टि नहीं हुए है, लेकिन वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बढ़ता यह तनाव में एक बार फिर बड़े सैन्य टकराव की और इशारा साफ दिखाई दे रहा है.अब देखने वाले बात यह होगी कि क्या है महज एक धमकी है या आने वाले युद्ध की और एक इशारा.