सरायकेला समाहरणालय स्थित सभागार में बुधवार को उपायुक्त नितीश कुमार सिंह की अध्यक्षता में झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) के तहत संचालित योजनाओं, परियोजनाओं और कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा हेतु बैठक आयोजित की गई।
इस बैठक में उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल, डीआरडीए निदेशक डॉ. अजय तिर्की, जिला कार्यक्रम प्रबंधक पंकज कुमार समेत संबंधित विभागों के अधिकारी, प्रखंड स्तरीय कार्यक्रम प्रबंधक एवं पदाधिकारी उपस्थित थे।
बैठक के दौरान जिला कार्यक्रम प्रबंधक द्वारा जिले की प्रगति रिपोर्ट, योजनाओं की वर्तमान स्थिति एवं आगामी कार्य योजनाओं की प्रस्तुति पावरपॉइंट के माध्यम से दी गई। समीक्षा के दौरान यह जानकारी दी गई कि जिले के सभी 9 प्रखंडों की पंचायतों में कुल 9,774 स्वयं सहायता समूह, 796 ग्राम संगठन और 35 क्लस्टर संगठन सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं।
उपायुक्त ने योजनाओं की धीमी प्रगति पर असंतोष जताते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे कार्यशैली में सुधार लाते हुए योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करें। उन्होंने कहा कि जिला और प्रखंड स्तर पर सभी विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर संयुक्त रूप से कार्य योजना तैयार की जाए और निर्धारित लक्ष्यों को तय समय सीमा में पूरा किया जाए।
महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता देने की बात करते हुए उपायुक्त ने कहा कि अधिक से अधिक स्वयं सहायता समूहों का गठन कर ग्रामीण महिलाओं को आजीविका गतिविधियों से जोड़ा जाए। जिले में 1,06,000 से अधिक दीदियों को बिरसा हरित ग्राम योजना, मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना, केसीसी, कृषि, उद्यान एवं मत्स्य विभाग की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के निर्देश दिए गए।
इसके अतिरिक्त, पंचायत स्तर पर शिविर आयोजित कर संबंधित योजनाओं की जानकारी दी जाए तथा योग्य लाभुकों से आवेदन प्राप्त किए जाएं। उपायुक्त ने कहा कि बेकरी, सैनिटरी नेपकिन, दोना-पत्तल निर्माण जैसे स्वरोजगार से जुड़ी गतिविधियों में रुचि रखने वाली महिलाओं की पहचान कर प्रस्ताव बनाएं और उसे जिला मुख्यालय को भेजा जाए ताकि अधिक संख्या में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सके।