Seraikela: सरायकेला पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी के निर्देश पर जिले में बड़े पैमाने पर जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस की इस पहल को सामुदायिक पुलिसिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
अपराध रोकने के लिए निवारक रणनीति पर जोर
पुलिस का कहना है कि अब केवल अपराध होने के बाद कार्रवाई तक सीमित रहने के बजाय अपराध को जड़ से रोकने के लिए निवारक दृष्टिकोण अपनाया जा रहा है। इसी उद्देश्य से पुलिस टीमें स्कूल, कॉलेज और पंचायत स्तर तक पहुंचकर लोगों को जागरूक कर रही हैं।
सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ अभियान
ग्रामीण इलाकों में फैली बाल विवाह, डायन बिसाही और अन्य सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ लोगों को जागरूक किया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि जमीनी स्तर पर कानूनी जानकारी और जागरूकता बढ़ने से ऐसी कुप्रथाओं में कमी आएगी।
आपातकालीन सेवाओं की दी जा रही जानकारी
अभियान के दौरान लोगों को डायल 112 जैसी आपातकालीन सेवाओं की जानकारी भी दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में कई लोगों को संकट की स्थिति में तत्काल सहायता लेने की प्रक्रिया की जानकारी नहीं होती।
बच्चों और युवाओं पर विशेष फोकस
अभियान का मुख्य फोकस बच्चों और युवाओं पर रखा गया है। डिजिटल दौर को देखते हुए छात्रों को साइबर सुरक्षा और साइबर हाइजीन के बारे में जागरूक किया जा रहा है। उन्हें बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया पर क्या साझा करना सुरक्षित है और किन बातों से बचना चाहिए, ताकि वे साइबर फ्रॉड या साइबर अपराध का शिकार न बनें।
सड़क सुरक्षा नियमों की भी दी जा रही जानकारी
स्कूल और कॉलेज स्तर पर छात्रों को यातायात नियमों की जानकारी भी दी जा रही है। पुलिस का मानना है कि कम उम्र से ही सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने से भविष्य में सड़क हादसों में कमी लाई जा सकती है।
थाना प्रभारियों को लगातार अभियान चलाने का निर्देश
पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने कहा कि जिले के सभी थाना प्रभारियों और एसडीपीओ को लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाने का निर्देश दिया गया है, ताकि हर गांव और टोले तक कानून, सुरक्षा और जनहित से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी पहुंच सके।