Seraikela: सरायकेला जिले के गम्हरिया प्रखंड स्थित कांड्रा निवासी संगीता दास ने एक गंभीर मामला उजागर करते हुए झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के जिलाध्यक्ष दीपक महतो पर अवैध वसूली और दबाव बनाने का आरोप लगाया है। पीड़िता का कहना है कि उनके बेटे की मौत के बाद मिली सरकारी सहायता राशि में से एक लाख रुपये देने के लिए उन पर लगातार दबाव बनाया गया। इस घटना के सामने आने के बाद न केवल सामाजिक बल्कि राजनीतिक स्तर पर भी हलचल तेज हो गई है।
सर्पदंश से बेटे की मौत के बाद मिली थी सरकारी सहायता
बताया जा रहा है कि संगीता दास के पुत्र अंश दास की पिछले वर्ष सर्पदंश के कारण मौत हो गई थी। इस दुखद घटना के बाद राज्य सरकार की आपदा राहत योजना के तहत उन्हें चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई थी। पीड़िता का आरोप है कि इस सहायता राशि को दिलाने में सहयोग करने के बाद दीपक महतो ने उनसे एक लाख रुपये की मांग की। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस रकम की निकासी के लिए उनसे एसबीआई बैंक का चेक संख्या 807751 भी जबरन ले लिया गया।
धमकी देकर दबाव बनाने का आरोप, सहमी पीड़िता ने लगाई गुहार
संगीता दास ने बताया कि पैसे नहीं देने पर उन्हें बार-बार डराया और धमकाया गया। उनका कहना है कि रात करीब नौ बजे उनके घर पहुंचकर उन पर दबाव बनाया गया और कहा गया कि अगर रकम नहीं दी गई तो मुआवजा राशि वापस करवा दी जाएगी। इस घटना के बाद से वह काफी डरी-सहमी हैं और प्रशासन से न्याय की मांग कर रही हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद बढ़ी हलचल, जांच के आदेश
इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब पीड़िता ने स्थानीय लोगों के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी आपबीती साझा की। इसके बाद क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी बढ़ गई है और विपक्षी दलों ने निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है। हालांकि, JLKM के एक अन्य पदाधिकारी ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए इसे राजनीतिक साजिश करार दिया है। फिलहाल सरायकेला एसडीओ ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। गम्हरिया थाना प्रभारी के अनुसार पीड़िता का आवेदन प्राप्त हो चुका है और जांच पूरी होने के बाद FIR दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।