Seraikela News: सरायकेला समाहरणालय सभागार में बुधवार को उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में जिला योजना कार्यकारिणी समिति की बैठक आयोजित की गई. बैठक में डीएमएफटी अनावध निधि से संचालित विकास योजनाओं की समीक्षा की गई और जनहित को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकता के आधार पर नई योजनाओं के चयन पर चर्चा हुई.
बैठक के दौरान डीएमएफटी निधि से चल रही योजनाओं की भौतिक और वित्तीय प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई. उपायुक्त ने कहा कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन प्रभावी, पारदर्शी और तय समय-सीमा के भीतर पूरा होना चाहिए. उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क निर्माण, सिंचाई, कौशल विकास, पोषण, स्वच्छता, विद्युत आपूर्ति सुदृढ़ीकरण और सामुदायिक आधारभूत संरचना से जुड़े विभागों के प्रस्तावों पर विशेष जोर दिया.
उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाए. सभी योजनाएं स्वीकृत प्राक्कलन और तकनीकी मानकों के अनुरूप ही पूरी हों. कार्यस्थलों का नियमित निरीक्षण कर प्रगति की निगरानी की जाए. उन्होंने चेतावनी दी कि कार्य में शिथिलता या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
उन्होंने कहा कि सभी कार्यस्थलों पर सूचना पट्ट लगाना अनिवार्य होगा, जिसमें स्वीकृत लागत, कार्य अवधि और योजना से संबंधित सभी आवश्यक विवरण स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किए जाएं. साथ ही योजनाओं की अद्यतन भौतिक और वित्तीय प्रगति रिपोर्ट तय प्रारूप में समय-समय पर जिला मुख्यालय को भेजने के निर्देश भी दिए गए.
उपायुक्त ने कहा कि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है. डीएमएफटी निधि से संचालित सभी योजनाओं में पारदर्शिता, गुणवत्ता और जवाबदेही को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए.
बैठक में निदेशक डीआरडीए अजय तिर्की, अपर उपायुक्त जायबर्धन कुमार, अपर नगर आयुक्त आदित्यपुर, जिला योजना पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला खनन पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी समेत विभिन्न विभागों के वरीय पदाधिकारी और कार्यपालक अभियंता उपस्थित रहे.