किन राज्यों में होगी प्रक्रिया
इस सूची में झारखंड के साथ-साथ दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और पूर्वोत्तर के राज्य शामिल हैं। गौरतलब है कि बिहार में यह प्रक्रिया पहले ही पूरी हो चुकी है, जबकि उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल जैसे 12 राज्यों में दूसरे चरण का काम वर्तमान में चल रहा है।
SIR का मुख्य उद्देश्य
विशेष गहन पुनरीक्षण का प्राथमिक लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र नागरिक वोट देने के अधिकार से वंचित न रहे। इसके तहत, नए मतदाताओं का पंजीकरण, 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं का नाम जोड़ना। अवैध प्रविष्टियों को हटाना, मृत व्यक्तियों, स्थानांतरित और डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाना। फोटो और पते की त्रुटियों को सुधारना।
झारखंड में विशेष तैयारी
झारखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के. रवि कुमार के अनुसार, राज्य में लगभग 2.65 करोड़ मतदाता हैं। SIR प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही लगभग 6.72 लाख त्रुटियों की पहचान की गई है, जिनमें धुंधली तस्वीरें और गलत पते शामिल हैं। इन्हें सुधारने के लिए BLO बूथ लेवल ऑफिसर ऐप का व्यापक उपयोग किया जा रहा है।
निर्धारित कार्यक्रम
आयोग ने एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है, जिसमें घर-घर जाकर सत्यापन, ड्राफ्ट सूची का प्रकाशन, दावे और आपत्तियों का निस्तारण और अंत में अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन शामिल है। असम में SIR के बजाय विशेष पुनरीक्षण की प्रक्रिया 10 फरवरी को ही पूरी कर ली गई है।