Chakulia News: चाकुलिया नगर पंचायत के डाक बंगला परिसर में बुधवार की रात कुछ अलग ही रंग में डूबी नजर आई. 21वें नेताजी सुभाष मेला सह गूंज महोत्सव के छठे दिन बॉलीवुड सिंगर अल्ताफ राजा ने अपनी आवाज से माहौल को पूरी तरह संगीतमय बना दिया. देर रात तक लोग गीतों की धुन पर झूमते रहे.
नेताजी को नमन के साथ हुआ मंच का उद्घाटन
कार्यक्रम का शुभारंभ नेताजी सुभाष चंद्र बोस की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर और दीप प्रज्वलित कर किया गया. इस अवसर पर मुख्य अतिथि झारखंड के परिवहन और भू-राजस्व मंत्री दीपक बिरुआ तथा विशिष्ट अतिथि घाटशिला विधायक सोमेश चंद्र सोरेन और जुगसलाई विधायक मंगल कालिंदी मंच पर मौजूद रहे.
गूंज महोत्सव को बताया सराहनीय पहल
मंच से संबोधित करते हुए मंत्री दीपक बिरुआ ने कहा कि गूंज महोत्सव जैसे आयोजन समाज को जोड़ने का कार्य करते हैं. उन्होंने कहा कि इस स्तर का कार्यक्रम आयोजित करना आसान नहीं है और इसके लिए आयोजकों को बधाई दी जानी चाहिए.
लोकप्रिय गीतों से सजी यादगार शाम
अल्ताफ राजा ने “आवारा हवा का झोंका हूं, आ निकला हूं”, पल दो पल के लिए”, “आने से उसके आए बहार, जाने से उसके जाए बहार”, “पर्दा है पर्दा”, “दूल्हे का सेहरा सुहाना लगता है”, “हम वो दीवाने हैं” जैसे मशहूर गीतों को अपनी खास शैली में पेश किया. हर गीत पर श्रोता झूमते नजर आए और माहौल तालियों से गूंज उठा.
सैकड़ों दर्शकों ने उठाया संगीत का आनंद
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे. गीतों के साथ लोग देर रात तक मंच के सामने डटे रहे और हर प्रस्तुति पर उत्साह के साथ प्रतिक्रिया देते दिखे. गूंज महोत्सव का यह दिन दर्शकों के लिए यादगार बन गया.
गूंज महोत्सव ने एक बार फिर यह दिखाया कि सांस्कृतिक आयोजनों से शहर में सकारात्मक ऊर्जा और आपसी जुड़ाव बढ़ता है. अल्ताफ राजा की प्रस्तुति ने कार्यक्रम को नई ऊंचाई दी और चाकुलिया को एक यादगार संगीतमय रात दी.