Jharkhand News: गढ़वा जिले के चिनियां थाना क्षेत्र में सखुआ की कीमती लकड़ी की तस्करी का मामला सामने आया है. वन विभाग ने पाल्हे गांव के पास कार्रवाई करते हुए सखुआ लदी दो मोटरसाइकिल जब्त की हैं. इस मामले में फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है. वन विभाग के पहुंचते ही तस्कर मोटरसाइकिल और लकड़ी छोड़कर जंगल की ओर फरार हो गए.
हाथी के विचरण की सूचना के दौरान मिली तस्करी की भनक
जानकारी के अनुसार पाल्हे गांव में हाथी के विचरण की सूचना पर वन विभाग की टीम और हाथीदल गांव की ओर निकले थे. इसी दौरान पाल्हे गांव से चिनियां की ओर जाने वाली मुख्य सड़क पर दो मोटरसाइकिल पर सखुआ की लकड़ी लादकर ले जाए जा रहे लोगों पर टीम की नजर पड़ी.
वन कर्मियों को देख तस्कर छोड़ गए वाहन
जैसे ही तस्करों ने वन विभाग की टीम को अपनी ओर आते देखा, वे मोटरसाइकिल समेत लकड़ी मौके पर छोड़कर जंगल की आड़ लेकर फरार हो गए. वन कर्मियों ने मौके से दोनों मोटरसाइकिल और सखुआ की लकड़ी को अपने कब्जे में ले लिया.
तस्करों की पहचान कर कार्रवाई की तैयारी
चिनियां प्रभारी वनपाल अनिमेष कुमार ने बताया कि मोटरसाइकिल समेत सखुआ की बहुमूल्य लकड़ी को जब्त कर लिया गया है. उन्होंने कहा कि लकड़ी तस्करों की पहचान कर ली गई है और उनके खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज करने की तैयारी की जा रही है.
वन विभाग की सख्त चेतावनी
वनपाल ने लकड़ी तस्करों को चेतावनी देते हुए कहा कि क्षेत्र में अवैध कटाई और तस्करी पर लगातार नजर रखी जा रही है. पकड़े जाने पर कानूनी प्रक्रिया के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी. जब्त लकड़ी और मोटरसाइकिल को चिनियां वन कार्यालय लाया गया है.
वन विभाग अवैध लकड़ी तस्करी को लेकर सतर्क
यह कार्रवाई दिखाती है कि गढ़वा जिले में वन विभाग अवैध लकड़ी तस्करी को लेकर सतर्क है. हाथी के विचरण जैसी स्थिति के बीच तस्करी का सामने आना यह भी बताता है कि वन क्षेत्र में लगातार निगरानी की जरूरत है. तस्करों की पहचान के बाद यदि कानूनी कार्रवाई तेजी से आगे बढ़ती है तो इससे इलाके में अवैध लकड़ी कारोबार पर प्रभावी रोक लगाई जा सकती है.