और उनके साथी आनंद कुमार को पतल बनाने वाली मशीन के प्रचार/विज्ञापन के बहाने बुलाया गया वीडियो शूट करने के बाद लौटते समय उन पर षड्यंत्रपूर्वक हमला कर दिया गया जिसमें दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए।
यह हमला महज एक साधारण मारपीट नहीं था बताया जा रहा है कि विकास साहू अपने यूट्यूब चैनल वर्ता बाय विकास साहू। के जरिए कन्या विवाह विकास योजनाके नाम पर चल रहे बड़े पैमाने पर ठगी और घोटाले को लगातार उजागर कर रहे थे।
एसडीपीओ गढ़वा के नेतृत्व में स्पेशल छापेमारी दल गठित किया
सच सामने लाने की इस कोशिश की कीमत उन्हें बुरी तरह चुकानी पड़ी लेकिन यहां कहानी का सबसे सराहनीय मोड़ है। गढ़वा पुलिस ने घटना की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एक्शन लिया पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसडीपीओ गढ़वा के नेतृत्व में स्पेशल छापेमारी दल गठित किया गया।
तकनीकी खुफिया जानकारी और स्थानीय सूत्रों के आधार पर मात्र 6 दिनों के अंदर 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
युट्यूबर के साथ मारपीट करने वाले गिरफ्तार
राहुल कुमार, मनोज ठाकुर, विवेक दुबे, सतीश कुमार यादव
गढ़वा थाना में कांड संख्या 14/2026 दर्ज कर आगे की कार्रवाई जारी है।
यह मामला दो बातें साफ करता है
एक तरफ ग्रामीण क्षेत्रों में सच बोलने वालों को मिलने वाली धमकियां, और दूसरी तरफ जब पुलिस सचमुच संवेदनशील और तेजी से काम करती है। तो कितनी जल्दी न्याय मिल सकता है गढ़वा पुलिस को इस त्वरित कार्रवाई के लिए सलाम।
और विकास साहू जैसे साहसी यूट्यूबर्स/पत्रकारों को सलाम जो जान जोखिम में डालकर भी समाज के सामने सच लाते हैं। सुरक्षा और न्याय की यह मिसाल बाकी जिलों के लिए भी प्रेरणा बने।