Ranchi News: रांची के रिम्स में कथित फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर हुए नामांकन और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं की जांच अब निर्णायक चरण में पहुंचती दिख रही है. सीआईडी ने जांच के दौरान संस्थान से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और रिकॉर्ड जुटाए हैं, जिनके आधार पर आगे की कार्रवाई की तैयारी चल रही है.
सूत्रों की मानें तो जांच एजेंसी को ऐसे दस्तावेज मिले हैं, जिनसे दोनों मामलों की परतें खुल सकती हैं. दस्तावेजों की जांच पूरी होने के बाद संबंधित अधिकारियों से पूछताछ और प्राथमिकी दर्ज किए जाने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है.
जांच का फोकस दो प्रमुख मामलों पर है. पहला मामला वर्ष 2025 में एमबीबीएस पाठ्यक्रम में कथित रूप से फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर हुए दाखिलों से जुड़ा है. दूसरा मामला रिम्स की सफाई व्यवस्था के लिए जारी टेंडर में कथित तौर पर नियमों में बदलाव कर कुछ एजेंसियों को लाभ पहुंचाने के आरोपों का है.
इसी बीच रिम्स निदेशक के पद से इस्तीफा दिए जाने के बाद पूरे प्रकरण ने और अधिक तूल पकड़ लिया है. संस्थान के प्रशासनिक फैसलों और प्रक्रियाओं को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं.
सीआईडी फिलहाल उपलब्ध साक्ष्यों और दस्तावेजों को खंगालते हुए पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है. जांच पूरी होने के बाद मामले में जिम्मेदारी तय होने और आगे की कानूनी कार्रवाई की दिशा स्पष्ट होने की उम्मीद है.