Ranchi News: रांची के नामकुम अंचल में जमीन के खरीद-बिक्री और सरकारी रिकॉर्ड गायब होने के मामले में ACB ने बड़ी कार्रवाई की है. जांच एजेंसी ने नामकुम की पूर्व CO श्वेता वर्मा, CI मनोज कुमार और दीपक कुमार के खिलाफ FIR दर्ज की है.
ACB ने शुक्रवार को झारखंड हाई कोर्ट को शपथ पत्र के जरिए FIR दर्ज होने की जानकारी दी. मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति राजेश शंकर की अदालत में हुई. ACB की रिपोर्ट सामने आने के बाद हाई कोर्ट ने अवमानना याचिका को समाप्त कर दिया. इससे पहले कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए ACB को FIR दर्ज कर जांच करने का निर्देश दिया था.
जमीन के म्यूटेशन में गड़बड़ी का आरोप
पूरा मामला नामकुम अंचल के डुंडु इलाके की जमीन से जुड़ा है. याचिकाकर्ता थॉमस साइमन ने जमीन के दाखिल-खारिज यानी म्यूटेशन में गड़बड़ी का आरोप लगाया था. उनका कहना था कि जमीन से जुड़े पुराने राजस्व रिकॉर्ड की जांच जरूरी है. इसके लिए उन्होंने अंचल कार्यालय से मूल दस्तावेज मांगे, लेकिन रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं कराया गया. आरोप है कि दूसरे पक्ष के नाम किए गए म्यूटेशन की प्रमाणित प्रति लेने में भी टालमटोल की गई.
हाई कोर्ट ने ACB को सौंपी थी जांच
मामले की सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने रिकॉर्ड से जुड़े मामले को गंभीर माना. कोर्ट ने अंचल कार्यालय के अधिकारियों की भूमिका की जांच ACB से कराने का निर्देश दिया था. साथ ही कोर्ट ने नामकुम अंचल के जिम्मेदार अधिकारियों से जुड़ी रिपोर्ट भी सीलबंद लिफाफे में मांगी थी. अब ACB ने FIR दर्ज कर दी है. एजेंसी जमीन के रिकॉर्ड, म्यूटेशन की प्रक्रिया और अधिकारियों की भूमिका की जांच करेगी. जांच पूरी होने के बाद ही मामले में आगे की कार्रवाई की तस्वीर साफ होगी