Jamshedpur News: पूर्वी सिंहभूम के कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) में महिला किसान गोष्ठी एवं महिला अनुकूल कृषि यंत्र जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में उपायुक्त राजीव रंजन ने महिला किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक अपनाने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि नई तकनीकों से खेती में श्रम कम होगा, उत्पादकता बढ़ेगी और आय में भी सुधार होगा.
महिला किसानों को आधुनिक खेती के लिए किया जागरूक
कार्यक्रम में उपायुक्त के साथ उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी, घाटशिला के अनुमंडल पदाधिकारी समेत कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे. कृषि विज्ञान केंद्र की वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. सीमा सिंह ने जिले में संचालित कृषि, उद्यानिकी, प्राकृतिक खेती, मशरूम उत्पादन, मिलेट्स, पोषण और महिला सशक्तिकरण से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि किसानों तक नई तकनीक पहुंचाने और उनकी आय बढ़ाने के लिए केंद्र लगातार काम कर रहा है.
मिलेट्स और वैज्ञानिक खेती को बढ़ावा देने की अपील
उपायुक्त ने जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का जिक्र करते हुए किसानों से धान के साथ मोटे अनाज यानी श्री अन्न और अन्य वैकल्पिक फसलों की खेती अपनाने की अपील की. उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक महिला किसानों तक पहुंचना चाहिए और खेती में उनकी भागीदारी लगातार बढ़नी चाहिए. वहीं, उप विकास आयुक्त ने वैज्ञानिक तरीकों से खेती करने, स्वयं सहायता समूहों और किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ) के माध्यम से मूल्य संवर्धन और कृषि आधारित उद्यम को बढ़ावा देने पर जोर दिया.
बीज और कृषि यंत्र भी किए गए वितरित
कार्यक्रम के दौरान महिला किसानों को महिला अनुकूल कृषि उपकरणों के उपयोग, संचालन और रखरखाव की व्यावहारिक जानकारी दी गई. वैज्ञानिकों ने निराई, बुवाई, कटाई समेत विभिन्न कृषि कार्यों में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों का प्रदर्शन किया और सुरक्षित उपयोग के तरीके बताए. इसके अलावा प्रतिभागियों के बीच बीज और कृषि यंत्रों का वितरण किया गया. कार्यक्रम में महिला किसानों की समस्याओं का समाधान करने के साथ सरकारी योजनाओं, जलवायु अनुकूल खेती, प्राकृतिक संसाधन संरक्षण और पोषण सुरक्षा जैसे विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई.