Current News : भारतीय रेलवे 1 जुलाई 2026 से यात्रियों के लिए संशोधित नियम लागू करने जा रहा है। करीब 13 वर्ष बाद रेलवे ने दंड और जुर्माने से जुड़े कई प्रावधानों में बदलाव किया है। इनका उद्देश्य रेल यात्रा को अधिक सुरक्षित, अनुशासित और यात्री हितैषी बनाना है। नए प्रावधानों के तहत बिना टिकट यात्रा, गलत श्रेणी में सफर और अन्य नियमों के उल्लंघन पर पहले की तुलना में अधिक जुर्माना देना होगा।
बिना टिकट और दूसरे के टिकट पर सफर करना पड़ेगा महंगा
नए नियमों के अनुसार, बिना वैध टिकट यात्रा करने या टिकट से ऊंची श्रेणी में सफर करने पर अब न्यूनतम 500 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। इसके साथ संबंधित यात्री से यात्रा का पूरा किराया भी वसूला जाएगा। दूसरे व्यक्ति के कन्फर्म टिकट पर यात्रा करते पाए जाने पर टिकट जब्त किया जा सकता है और यात्री से पूरा किराया तथा 500 रुपये अतिरिक्त जुर्माना वसूला जाएगा। जुर्माना नहीं भरने पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
महिला कोच और ट्रेन में अनुशासन को लेकर भी सख्ती
रेलवे ने महिला कोच में अनधिकृत रूप से यात्रा करने वाले पुरुष यात्रियों के खिलाफ भी कड़े प्रावधान किए हैं। ऐसे मामलों में 2,500 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा। इसके अलावा ट्रेन में शराब पीकर यात्रा करने, हंगामा करने या सहयात्रियों से दुर्व्यवहार करने वाले यात्रियों को बीच रास्ते में ट्रेन से उतारा जा सकता है। वहीं कुछ छोटे नियम उल्लंघनों को आपराधिक श्रेणी से हटाकर सिविल पेनाल्टी के दायरे में लाया गया है, जिनमें अधिकतम 1,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा।