Dhanbad: नशा के बढ़ते प्रचलन के खिलाफ आमजन को जागरूक करने के उद्देश्य से झारखंड विधिक सेवा प्राधिकार (JHALSA) द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार को धनबाद सिविल कोर्ट के न्यायिक पदाधिकारियों ने पदयात्रा निकाली। इस पदयात्रा के माध्यम से लोगों को नशा से दूर रहने और स्वस्थ व सशक्त समाज के निर्माण का संदेश दिया गया।
पदयात्रा की शुरुआत
पदयात्रा की शुरुआत धनबाद सिविल कोर्ट परिसर से हुई, जो आसपास के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए पुनः न्यायालय परिसर में समाप्त हुई। इस दौरान न्यायिक पदाधिकारियों ने हाथों में बैनर और पोस्टर लेकर नशा के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक किया। उन्होंने बताया कि नशा न केवल व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि परिवार और समाज को भी कमजोर करता है।
भविष्य की ओर कदम
कार्यक्रम के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सह अवर न्यायाधीश मयंक तुषार टोपनों ने कहा कि झारखंड विधिक सेवा प्राधिकार समाज में विधिक जागरूकता के साथ-साथ सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध लगातार अभियान चला रहा है। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से अपील की कि वे नशा जैसी बुराइयों से दूर रहकर अपने उज्ज्वल भविष्य की ओर कदम बढ़ाएं।
झारखंड की दिशा में लोगों को प्रेरित करना रहा
इस पदयात्रा में प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय सुभाष, जिला एवं सत्र न्यायाधीश मनीष दुर्गेश चंद्र अवस्थी, पारस कुमार सिन्हा, कमलेश कुमार शुक्ला, विजय कुमार श्रीवास्तव, विकेश राठी, कुमार साकेत, प्रफुल्ल कुमार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी आरती माला, अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी पी.एस. घोष, सहित कई न्यायिक पदाधिकारी, एलएडीसीएस के अधिकारी, पैनल अधिवक्ता, पारा लीगल वॉलंटियर, न्यायालय कर्मी और बड़ी संख्या में आम लोग शामिल हुए। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में सकारात्मक संदेश फैलाना और नशा मुक्त झारखंड की दिशा में लोगों को प्रेरित करना रहा।