West Singbhum: झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले के जमादा थाना अंतर्गत कोनटोढ्या गांव निवासी 18 वर्षीय रोया कालुंडी जिसे गणेश के नाम से भी जाना जाता है। उसने बुधवार को राउरकेला पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। आत्मसमर्पण के दौरान उसके पास से एक 9 एमएम कार्बाइन भी बरामद की गई।
गणेश छोटानागरा डिवीजन में सक्रिय माओवादी सदस्य था
पुलिस के अनुसार गणेश पूर्व में सारंडा वन क्षेत्र और दक्षिण छोटानागरा डिवीजन में सक्रिय माओवादी सदस्य था। बताया गया है कि वह महज 12 वर्ष की उम्र में रप्पा और गुंगा के प्रभाव में आकर माओवादी संगठन से जुड़ गया था। इसके बाद वह कोल्हान और सारंडा इलाके में मच्छू के नेतृत्व में संगठन के लिए कार्य करता रहा। इस दौरान उसकी संलिप्तता विस्फोटक लूट, रेलवे ट्रैक उड़ाने और बांको आरएफ क्षेत्र में हुए आईईडी विस्फोट जैसी घटनाओं में रही।
1.65 लाख रुपये की आर्थिक सहायता मिली
आत्मसमर्पण के पश्चात राज्य सरकार की पुनर्वास नीति के तहत गणेश को 1.65 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। पश्चिम रेंज के डीआईजी बृजेश राय ने जानकारी देते हुए बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले गणेश को बी श्रेणी में रखा गया है। इस राशि में से 50 हजार रुपये नकद दिए जाएंगे, जबकि शेष रकम फिक्स्ड डिपॉजिट के रूप में जमा की जाएगी। इसके अलावा उसे प्रतिमाह 10 हजार रुपये की सहायता भी मिलेगी।
डीआईजी ने कहा कि राज्य सरकार की सरेंडर एवं पुनर्वास नीति माओवादियों को हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ने के लिए प्रेरित कर रही है। उन्होंने बताया कि इस नीति का सकारात्मक प्रभाव अब स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहा है और कई पूर्व नक्सली अपने परिवार के साथ सामान्य जीवन की ओर लौट रहे हैं।