Ranchi News: रांची के सरकारी बस स्टैंड को नया रूप मिलने वाला है. नगर विकास विभाग ने पुराने जर्जर ढांचे को पूरी तरह ध्वस्त कर आधुनिक बस टर्मिनल बनाने की योजना तैयार की. परियोजना की कुल लागत 20 करोड़ 18 लाख 66 हजार 800 रुपये तय हुई है. जुडको इसे बनाएगा. नया बस स्टैंड प्रतिदिन 512 बसों का परिचालन संभाल सकेगा. रांची से बिहार ओडिशा पश्चिम बंगाल छत्तीसगढ़ और अंतर जिला बसें चलती हैं. परिसर में आगमन प्रस्थान के लिए 8-8 बस वे स्टैंडबाय, पार्किंग, रखरखाव शेड, टर्मिनल भवन, टर्निंग रेडियस, गार्ड रूम, कैंटीन होंगे. टर्मिनल भवन में टिकट काउंटर, ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट ऑफिस, हेल्प डेस्क, 12 फूड कियोस्क कैफेटेरिया, रेस्टोरेंट, ट्रांजिट डॉर्मिटरी, गेस्ट रूम, शौचालय बनेंगे.
नगर विकास प्रधान सचिव सुनील कुमार ने कहा कि यह परियोजना यातायात प्रबंधन यात्रियों की सुविधा और शहरी सेवाओं को मजबूत करेगी. जल्द धरातल पर उतरेगी. वर्तमान बस स्टैंड जर्जर है. अधिकांश संरचनाएं पुरानी असुरक्षित हैं. टिकट काउंटर गोदाम कार्यालय स्टाफ क्वार्टर का नवीकरण संभव नहीं. यात्री शेड चालक प्रतिक्षालय सुलभ शौचालय सूचना केंद्र हेल्प डेस्क जल निकासी निगरानी प्रणाली का अभाव है. आधुनिक मानकों पर खरा नहीं उतरता.
निर्माण कार्यों में बस स्टैंड, ब्लॉक कैंटीन, ब्लॉक बाउंड्री वॉल, रोड वर्क अंडरग्राउंड टैंक, सेप्टिक टैंक, बोरवेल रेन वाटर हार्वेस्टिंग, गार्ड रूम, हॉर्टिकल्चर इलेक्ट्रिकल प्लंबिंग, फायर फाइटिंग, फर्नीचर साइनेज पर 15.81 करोड़ से अधिक खर्च होगा. 18 प्रतिशत जीएसटी श्रम उपकर जुडको फीस कंसल्टेंसी जोड़कर कुल लागत 20.18 करोड़ हुई. व्यय का 33 प्रतिशत 2025 26 में 67 प्रतिशत 2026 27 में प्रस्तावित है.
यह परियोजना रांची के यातायात को सुगम बनाएगी और यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं देगी. जर्जर ढांचे का ध्वस्त होना जरूरी था लेकिन 20 करोड़ की लागत समय पर पूरी होनी चाहिए. 512 बसों की क्षमता भविष्य की मांग पूरी करेगी. कुल मिलाकर शहर के विकास में महत्वपूर्ण कदम है लेकिन रखरखाव और समयबद्ध निर्माण पर नजर रखनी होगी.