Jharkhand Monsoon Update: झारखंड में इस मानसून सीजन बारिश का आंकड़ा औसत के करीब रहा, लेकिन जिलों की तस्वीर एक जैसी नहीं है. कहीं सामान्य से काफी ज्यादा बारिश हुई, तो कुछ जिलों में मानसून ने किसानों की चिंता बढ़ा दी. मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, 1 जून से 4 सितंबर के बीच झारखंड में कुल 822.1 मिलीमीटर औसत बारिश रिकॉर्ड की गई. इस अवधि में सामान्य वर्षापात 831.8 मिलीमीटर होना चाहिए था.
इस हिसाब से राज्य में सामान्य से करीब 1 फीसदी कम बारिश हुई. हालांकि, राज्य का औसत आंकड़ा सामान्य के आसपास है, लेकिन अलग-अलग जिलों में बारिश का वितरण काफी असमान रहा.
पश्चिमी सिंहभूम में सामान्य से 51% ज्यादा बारिश
बारिश के मामले में पश्चिमी सिंहभूम सबसे आगे रहा. जिले में 1268.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से 51 फीसदी अधिक है. यहां हुई बारिश को अत्यधिक वर्षा की श्रेणी में रखा गया है. इसके अलावा सिमडेगा में 1137.1 मिलीमीटर, लातेहार में 1000.5 मिलीमीटर, रांची में 972.2 मिलीमीटर और खूंटी में 920.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. इन जिलों में मानसून की स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर रही.
पाकुड़ में सबसे ज्यादा बारिश की कमी
दूसरी तरफ पाकुड़ में मानसून की स्थिति सबसे चिंताजनक रही. जिले में सामान्य तौर पर 935.7 मिलीमीटर बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन इस अवधि में सिर्फ 495.4 मिलीमीटर पानी बरसा. पाकुड़ में सामान्य से 47 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई. बारिश की इतनी बड़ी कमी से खेती और जलस्रोतों को लेकर चिंता बढ़ सकती है. चतरा में सामान्य से 32 फीसदी और देवघर में 34 फीसदी कम बारिश हुई. इन जिलों में बारिश की कमी का सीधा असर खेती-किसानी पर पड़ने की आशंका है.
इन जिलों में बारिश का आंकड़ा बेहतर
कुछ जिलों में मानसून के दौरान बारिश का आंकड़ा सामान्य के आसपास रहा. बोकारो में 673.4 मिलीमीटर, धनबाद में 842.2 मिलीमीटर और पूर्वी सिंहभूम में 994 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. गोड्डा में 585.9 मिलीमीटर, लातेहार में 1000.5 मिलीमीटर, लोहरदगा में 836 मिलीमीटर और पलामू में 615.7 मिलीमीटर बारिश हुई. रांची में 972.2 मिलीमीटर और सरायकेला-खरसावां में 986.3 मिलीमीटर वास्तविक वर्षा दर्ज की गई.
इन जिलों में मानसून रहा कमजोर
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक चतरा, देवघर, गिरिडीह, गुमला, हजारीबाग, कोडरमा, पाकुड़ और साहिबगंज में बारिश की कमी दर्ज की गई. पाकुड़ में सिर्फ 495.4 मिलीमीटर और चतरा में 517.2 मिलीमीटर बारिश हुई. दोनों जिलों में सामान्य के मुकाबले बारिश काफी कम रही. गिरिडीह और गुमला में भी सामान्य से 23 फीसदी कम बारिश रिकॉर्ड की गई.
राज्य का औसत सामान्य, लेकिन जिलों में बड़ा अंतर
मानसून की पूरी तस्वीर देखें तो झारखंड में कुल बारिश सामान्य के आसपास रही है. लेकिन जिलावार आंकड़े बताते हैं कि बारिश का वितरण बेहद असमान रहा. पश्चिमी सिंहभूम जैसे जिलों में सामान्य से आधी सदी ज्यादा बारिश हुई, जबकि पाकुड़ में करीब आधी सामान्य बारिश भी नहीं हो सकी.
ऐसे में आने वाले दिनों में बारिश की स्थिति खेती, जलस्रोतों और स्थानीय मौसम पर कितना असर डालती है, इस पर नजर बनी रहेगी.