Giridih: गिरिडीह जिले की पीरटांड़ थाना पुलिस ने करीब एक महीने से लापता युवक के मामले का खुलासा करते हुए हत्या के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। विशेष जांच दल (एसआईटी) की जांच में सामने आया कि युवक को शादी कराने का भरोसा देकर धनबाद के जंगल में ले जाया गया, जहां उसकी हत्या कर शव को ठिकाने लगा दिया गया। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने मानव कंकाल समेत कई अहम साक्ष्य बरामद किया हैं।
20 जून से लापता था युवक, पिता ने दर्ज कराई थी शिकायत
पीरटांड़ थाना क्षेत्र के सियरांगी गांव निवासी हृदय नारायण सिंह ने 1 जुलाई 2026 को अपने पुत्र शंकर कुमार सिंह उर्फ बिंदु सिंह की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनका बेटा 20 जून की सुबह गिरिडीह जाने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटा। काफी खोजबीन के बाद भी कोई सुराग नहीं मिलने पर पुलिस में मामला दर्ज कराया गया। परिजनों ने एक महिला और उसके परिचितों पर संदेह जताया था।
एसआईटी ने तकनीकी साक्ष्यों से जोड़ी कड़ियां
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर डुमरी एसडीपीओ आबिद खान के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया। जांच के दौरान मोबाइल लोकेशन, तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस संदिग्धों तक पहुंची। पूछताछ के लिए प्रयागराज से सोनिया कुमारी को लाया गया, जबकि देवघर जिले के पथरौल थाना क्षेत्र के सिरसा निवासी चंदन कुमार भोक्ता (32) को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
पूछताछ में आरोपी ने कबूला पूरा सच
पुलिस पूछताछ में चंदन कुमार भोक्ता ने हत्या की बात स्वीकार कर ली। उसने बताया कि शंकर कुमार सिंह एक महिला से विवाह करना चाहता था। महिला पहले से शादीशुदा थी और उसके तीन बच्चे भी थे। आरोपी और महिला के ससुराल पक्ष को यह रिश्ता मंजूर नहीं था। इसी वजह से उसने शंकर को महिला से मुलाकात कराने का झांसा देकर अपने साथ धनबाद चलने के लिए तैयार किया।
धनबाद के जंगल में उतारा मौत के घाट
आरोपी ने शंकर को बाइक से धनबाद जिले के टुंडी थाना क्षेत्र स्थित बसहा जंगल ले गया। सुनसान स्थान पर पहुंचने के बाद उसने पत्थर से सिर पर कई वार किए और फिर गमछे से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद शव को जंगल में छोड़ दिया, ताकि लंबे समय तक किसी को इसकी जानकारी न मिल सके। गिरफ्तारी के बाद आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने जंगल से मृतक का मानव कंकाल, नारंगी रंग का गमछा, कपड़े, चप्पल, आरोपी का मोबाइल फोन और घटनास्थल के पास पड़ा एक चाकू बरामद किया। बरामद सामानों को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
प्रेम संबंध बना हत्या की वजह
पुलिस के अनुसार शुरुआती जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि प्रेम संबंध और शादी को लेकर पैदा हुए विवाद ने इस वारदात को जन्म दिया। वैज्ञानिक जांच, तकनीकी साक्ष्य और आरोपी के बयान के आधार पर पुलिस ने पूरे मामले का खुलासा किया है। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया के तहत जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है। इस हत्याकांड के खुलासे में डुमरी एसडीपीओ आबिद खान, पुलिस निरीक्षक राजेंद्र प्रसाद, पीरटांड़ थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार सिंह, पुलिस पदाधिकारी जितेंद्र सिंह बिष्ट तथा तकनीकी शाखा की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच जारी है।