Sonam Wangchuk Discharge Demand: समाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने संसद मार्च में शामिल होने की इच्छा जताते हुए सफदरजंग अस्पताल से उन्हें छुट्टी देने का अनुरोध किया है. इसके लिए उन्होंने अस्पताल प्रशासन को एक पत्र लिखा, जिसकी प्रति अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी साझा की है.
"स्वास्थ्य ठीक है, तो अस्पताल में क्यों रखा गया है?"
सोशल मीडिया पर साझा किए गए संदेश में वांगचुक की ओर से कहा गया कि उनकी तबीयत सामान्य है और यदि उन्हें किसी तरह की हिरासत में नहीं रखा गया है, तो फिर अस्पताल में रोकने का कारण स्पष्ट किया जाना चाहिए. उन्होंने लिखा कि वह प्रदर्शनकारियों से मिलने और संसद मार्च में शामिल होने की पूरी कोशिश कर रहे हैं.
जंतर-मंतर से संसद मार्च की तैयारी
सोमवार को जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जुटे. आयोजकों का दावा है कि वहां से संसद तक मार्च निकालने की योजना थी. इस दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच तनाव की स्थिति भी बनी. सोशल मीडिया पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग किए जाने के वीडियो भी वायरल हुए हैं, हालांकि उनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है.
अनशन खत्म करने के संकेत
वांगचुक की ओर से यह भी कहा गया है कि यदि सरकार उनकी कुछ प्रमुख मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेती है, तो वह अपना अनशन समाप्त करने पर विचार कर सकते हैं. हालांकि, उनकी ओर से रखी गई शर्तों पर सरकार की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
अस्पताल ने स्वास्थ्य को बताया स्थिर
इस बीच, सफदरजंग अस्पताल ने 20 जुलाई को जारी मेडिकल बुलेटिन में कहा कि सोनम वांगचुक की स्थिति फिलहाल स्थिर है. अस्पताल के अनुसार उनके सभी जरूरी स्वास्थ्य मानकों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जबकि कुछ रक्त संबंधी जांचों की नियमित मॉनिटरिंग आवश्यक है.
विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में इलाज
अस्पताल प्रशासन ने बताया कि वांगचुक का इलाज वीएमएमसी एवं सफदरजंग अस्पताल के चिकित्सकों की टीम कर रही है. इसके साथ ही एम्स के विशेषज्ञ भी उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं. डॉक्टरों का कहना है कि किसी भी संभावित जटिलता से बचने के लिए लगातार चिकित्सकीय निगरानी जरूरी है और उन्हें आवश्यक सभी मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं.