Jharkhand Rain Alert: झारखंड में मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है. पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जिससे मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है. मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल बारिश का यह सिलसिला थमने वाला नहीं है. अगले कुछ दिनों तक राज्य के अधिकांश जिलों में बादल छाए रहेंगे और कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है.
मौसम को अनुकूल बना रहे कई सिस्टम
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पश्चिमी गंगीय पश्चिम बंगाल और झारखंड के उत्तरी भाग पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब कमजोर जरूर पड़ा है, लेकिन उसका असर अब भी राज्य के मौसम पर बना हुआ है. इसके साथ ही झारखंड के ऊपर सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण और मानसून ट्रफ लगातार नमी पहुंचा रहे हैं. यही वजह है कि प्रदेश में बारिश के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं और बादलों की आवाजाही लगातार जारी है.
पांच दिनों तक बारिश का बना रहेगा दौर
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 18 से 22 जुलाई के बीच झारखंड के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होती रहेगी. इस दौरान कई स्थानों पर मेघ गर्जन, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं की भी संभावना है. अगले दो दिनों तक तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा, लेकिन 20 जुलाई के बाद अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आने की उम्मीद है. इससे लोगों को उमस से राहत मिल सकती है.
इन जिलों में भारी बारिश की संभावना
18 जुलाई को लोहरदगा, गुमला और खूंटी समेत दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्रों में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है. इसके अगले दिन यानी 19 जुलाई को धनबाद सहित दक्षिण-पूर्वी, उत्तर-पूर्वी और आसपास के मध्य भागों में तेज बारिश का अनुमान है. वहीं 20 और 21 जुलाई को कोडरमा, धनबाद और आसपास के इलाकों के लिए भी भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है. इस पूरे दौर में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने और वज्रपात की आशंका भी बनी रहेगी. हालांकि 22 जुलाई के बाद बारिश की तीव्रता कुछ कम हो सकती है, लेकिन मौसम पूरी तरह साफ होने के संकेत फिलहाल नहीं हैं.
रांची में रहेगा सुहावना मौसम
राजधानी रांची और आसपास के क्षेत्रों में भी अगले कई दिनों तक मौसम खुशनुमा बना रहेगा. आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी और रुक-रुक कर हल्की से मध्यम बारिश होती रहेगी. शहर का अधिकतम तापमान 27 से 30 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जबकि न्यूनतम तापमान 23 से 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है.
मौसम विभाग की लोगों से अपील
लगातार बन रही वज्रपात की स्थिति को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों से अतिरिक्त सतर्कता बरतने को कहा है. विभाग ने सलाह दी है कि गरज-चमक के दौरान खुले मैदानों में जाने से बचें और पेड़ों के नीचे खड़े न हों. किसानों को भी मौसम का पूर्वानुमान देखकर ही खेतों में काम करने की सलाह दी गई है, ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके.