Jharkhand Weather Update: झारखंड में मानसून पूरी तरह सक्रिय है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार शुक्रवार को राज्य के कई जिलों में अच्छी से भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने विशेष चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि कई इलाकों में मेघ गर्जन, वज्रपात और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। विभाग के मुताबिक 20 जुलाई तक राज्य में रोजाना बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।
इन जिलों में भारी बारिश की सबसे ज्यादा आशंका
मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां और सिमडेगा में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं खूंटी और गुमला के कुछ हिस्सों में भी मूसलाधार बारिश हो सकती है। शनिवार को रांची, बोकारो, गुमला, हजारीबाग, खूंटी, रामगढ़, लोहरदगा, कोडरमा, धनबाद, लातेहार और चतरा जिलों में भी कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना जताई गई है। अगले दो दिनों तक तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा, लेकिन इसके बाद 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है।
पश्चिमी सिंहभूम में सबसे ज्यादा बारिश, पाकुड़ रहा सबसे गर्म
पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। सबसे अधिक 66.0 मिलीमीटर बारिश पश्चिमी सिंहभूम के मंझारी में रिकॉर्ड की गई। वहीं पाकुड़ राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 36.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दूसरी ओर लातेहार में न्यूनतम तापमान 22.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो राज्य में सबसे कम रहा।
बारिश का असमान वितरण, कई जिले अब भी गर्मी की मार झेल रहे
मानसून सक्रिय होने के बावजूद झारखंड में बारिश का वितरण असमान बना हुआ है। 1 जून से 16 जुलाई तक रांची में 278.4 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो इस अवधि के सामान्य वर्षापात 361.3 मिलीमीटर के मुकाबले संतोषजनक मानी जा रही है। हालांकि चतरा और गढ़वा की स्थिति सबसे खराब है। चतरा में अब तक केवल 91.5 मिलीमीटर बारिश हुई है, जो सामान्य से 71 प्रतिशत कम है, जबकि गढ़वा में 81 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य से 72 प्रतिशत कम है। देवघर में भी 145.1 मिलीमीटर बारिश हुई है, जो सामान्य से 58 प्रतिशत कम है।