New Delhi: झारखंड की राष्ट्रीय राजमार्ग और सड़क अवसंरचना परियोजनाओं को गति देने के उद्देश्य से पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से उनके सरकारी आवास पर शिष्टाचार मुलाकात की। बैठक में राज्य की कई महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा हुई।
खूंटी बाइपास पर विशेष जोर
बैठक के दौरान अर्जुन मुंडा ने खूंटी बाइपास के जल्द निर्माण की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि बाइपास बनने से खूंटी शहर में ट्रैफिक का दबाव कम होगा, सड़क सुरक्षा मजबूत होगी और लोगों को सुरक्षित व सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी।
आदिवासी क्षेत्रों के विकास की उम्मीद
मुंडा ने कहा कि खूंटी बाइपास केवल एक सड़क परियोजना नहीं, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगा। इससे खूंटी समेत आसपास के आदिवासी इलाकों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी, व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और विकास के नए अवसर पैदा होंगे।
लंबित परियोजनाओं को तेज करने पर चर्चा
बैठक में झारखंड की अन्य लंबित राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं को जल्द पूरा करने और सड़क अवसंरचना के समग्र विकास को गति देने पर भी सकारात्मक और सार्थक चर्चा हुई। दोनों नेताओं ने परियोजनाओं के शीघ्र क्रियान्वयन की आवश्यकता पर सहमति जताई।
भूमि अधिग्रहण और वन स्वीकृति बनी बाधा
एनएचएआई के अधिकारियों के अनुसार खूंटी बाइपास परियोजना अभी भूमि अधिग्रहण और वन स्वीकृति की प्रक्रिया पूरी न होने के कारण अटकी हुई है। शिलान्यास के करीब दो वर्ष बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। अधिकारियों का कहना है कि लगातार हो रही देरी से परियोजना की लागत बढ़ रही है और आवश्यक मंजूरियां मिलने तक इसका पुनः टेंडर भी जारी नहीं किया जा सकता।