तेल टैंकरों पर हमले में भारतीय समेत कई लोग प्रभावित
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, होर्मुज के दक्षिणी समुद्री मार्ग पर संयुक्त अरब अमीरात के मोम्बासा और अल बहियाह नामक तेल टैंकरों पर मिसाइल हमला हुआ. यूएई के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक हमले के बाद दोनों जहाजों में आग लग गई, जिस पर बाद में काबू पा लिया गया. इस घटना में मोम्बासा टैंकर पर तैनात एक भारतीय नाविक की मौत हो गई. इसके अलावा आठ लोग घायल हुए हैं, जिनमें छह भारतीय और दो यूक्रेन के नागरिक शामिल बताए गए हैं. घायलों में चार की हालत गंभीर बताई गई है.
भारत ने दर्ज कराया कड़ा विरोध
भारतीय नाविक की मौत के बाद विदेश मंत्रालय ने ईरान के डिप्टी चीफ ऑफ मिशन मोहम्मद जवाद होसैनी को तलब किया. अधिकारियों ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार मार्ग से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों पर हमलों पर कड़ी आपत्ति जताई. भारत ने स्पष्ट किया कि नागरिकों की सुरक्षा से जुड़े मामलों को गंभीरता से लिया जाएगा. वहीं यूएई ने इस हमले को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताते हुए इसकी निंदा की है.
क्षेत्रीय तनाव के बीच बढ़ी चिंता
होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ते सैन्य तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार पर भी पड़ रहा है. इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी जहाजों की नाकेबंदी दोबारा लागू करने और सुरक्षित मार्ग के लिए शुल्क वसूलने की घोषणा की है. रिपोर्ट के मुताबिक पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के दौरान अब तक 11 भारतीय नागरिकों की जान जा चुकी है, जबकि पिछले महीने हुए एक अन्य हमले में भी तीन भारतीय नाविकों की मौत हुई थी. समाचार लिखे जाने तक ईरान की ओर से भारत की आपत्ति पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.