Ranchi News : झारखंड सरकार ने ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए बड़ा निर्णय लिया है। स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन (एनआरएचएम) के तहत राज्यांश मद में 100 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है।
यह केंद्र प्रायोजित योजना 60:40 के अनुपात में संचालित होती है, जिसमें 60 प्रतिशत राशि केंद्र सरकार और 40 प्रतिशत राशि राज्य सरकार वहन करती है। स्वीकृत 100 करोड़ रुपये राज्य सरकार के हिस्से के रूप में खर्च किए जाएंगे।
तीन मदों में राशि का आवंटन, एसएनए स्पर्श प्रणाली से होगा खर्च
सरकार ने स्वीकृत राशि में से 62 करोड़ रुपये सामान्य वर्ग, 12 करोड़ रुपये अनुसूचित जाति विशेष घटक योजना तथा 26 करोड़ रुपये जनजातीय क्षेत्र उपयोजना के लिए आवंटित किए हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने निर्देश दिया है कि पूरी राशि का व्यय केवल एसएनए स्पर्श प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा, ताकि खर्च की निगरानी और वित्तीय पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके।
राज्य स्तर पर निदेशक प्रमुख स्वास्थ्य सेवाएं और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक योजना की निगरानी करेंगे। वहीं जिला स्तर पर सिविल सर्जन इसकी जिम्मेदारी संभालेंगे। स्वास्थ्य उपकेंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और रेफरल अस्पतालों में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, जबकि अनुमंडल और सदर अस्पतालों में उपाधीक्षक राशि के उपयोग के लिए जिम्मेदार होंगे।
स्वास्थ्य विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि नई राशि खर्च करने से पहले पूर्व में आवंटित राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा करना अनिवार्य होगा। इसके बाद ही नए आवंटन की राशि का उपयोग किया जा सकेगा।
सरकार का कहना है कि इस बजट से ग्रामीण और जनजातीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी, अस्पतालों में आवश्यक सुविधाओं का विस्तार होगा और लोगों को अपने क्षेत्र के निकट ही बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।