Seraikela: विद्यार्थियों के स्वास्थ्य संवर्धन और योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से बुधवार को सरायकेला-खरसावां जिले के विभिन्न विद्यालयों में आयुर्विद्या हेल्थ कैंप का आयोजन किया गया। शिविर के दौरान कुल 258 छात्र-छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। आवश्यकता के अनुसार निःशुल्क दवाइयों का वितरण किया गया तथा स्वास्थ्य संबंधी परामर्श भी दिया गया। इसके साथ ही योग प्रशिक्षकों ने विद्यार्थियों को योगाभ्यास कराया और नियमित योग के शारीरिक एवं मानसिक लाभों की जानकारी दी।
कदमदिया विद्यालय में 51 बच्चों की हुई जांच
उत्क्रमित मध्य विद्यालय, कदमदिया में डॉ. डिंपल कुंकल ने 51 विद्यार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। योग प्रशिक्षक भवानी शंकर साहू ने विद्यार्थियों को योगाभ्यास कराया। शिविर के संचालन में सहिया नीला पड़िहारी ने सहयोग किया। उत्क्रमित मध्य विद्यालय, दुधि में डॉ. सोनाली प्रगति बेंजामिन ने 47 विद्यार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। इस दौरान पेट दर्द, सिरदर्द, खुजली, त्वचा रोग और सर्दी जैसी सामान्य समस्याओं के लिए दवाइयों का वितरण किया गया। योग प्रशिक्षक राकेश साहू और सरिता महतो ने विद्यार्थियों को योग के महत्व की जानकारी दी। उत्क्रमित उच्च विद्यालय, उदयपुर में डॉ. यासमीन हैदरी ने 65 विद्यार्थियों की स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक दवाइयों का वितरण किया। योग प्रशिक्षक जितेंद्र नाथ महतो ने विद्यार्थियों को योगाभ्यास कराया और नियमित योग के लाभ बताए।
जगन्नाथपुर विद्यालय में 45 विद्यार्थियों को मिला स्वास्थ्य लाभ
उत्क्रमित मध्य विद्यालय, भंडारीसाई में डॉ. प्रीति कुमारी ने 50 विद्यार्थियों की जांच की। शिविर में पेट दर्द, सिरदर्द, त्वचा रोग, सर्दी और कमजोरी जैसी समस्याओं के लिए दवाइयां और चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। योग प्रशिक्षक खेला मुर्मू, कलावती महतो और सीता सोरेन ने योगाभ्यास कराया। जगन्नाथपुर स्थित विद्यालय में डॉ. प्रभा ने 45 विद्यार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। यहां मुख्य रूप से सर्दी, खांसी और पेट दर्द जैसी समस्याओं की जांच कर निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। योग प्रशिक्षिका रसमनी ने विद्यार्थियों को योगाभ्यास कराया। शिविर के सफल आयोजन में सहिया उषा कुमारी और सोनामुनी टुडू का सहयोग रहा।
स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का दिया संदेश
जिला प्रशासन ने बताया कि इन स्वास्थ्य शिविरों का उद्देश्य विद्यार्थियों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना, सामान्य बीमारियों की समय पर पहचान और उपचार सुनिश्चित करना तथा योग के माध्यम से स्वस्थ एवं अनुशासित जीवनशैली को बढ़ावा देना है। सभी विद्यालयों में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर स्वास्थ्य और योग संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं।