Captain Cool Birthday: भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल कप्तानों में शामिल Mahendra Singh Dhoni आज अपना जन्मदिन मना रहे हैं। 7 जुलाई 1981 को रांची में जन्मे एमएस धोनी ने अपनी मेहनत, शांत स्वभाव और शानदार नेतृत्व से भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। दुनिया उन्हें "कैप्टन कूल" के नाम से जानती है। उनके पिता पान सिंह धोनी पंप ऑपरेटर थे, जबकि मां देवकी देवी गृहिणी हैं। बचपन में धोनी फुटबॉल और बैडमिंटन खेलते थे और स्कूल की फुटबॉल टीम में गोलकीपर थे। एक कोच की सलाह पर उन्होंने विकेटकीपिंग शुरू की और यहीं से उनके क्रिकेट करियर की नींव पड़ी। वहीं, रांची में माही के जन्मदिन का जश्न भी पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। धोनी के घर के बाहर बड़ी संख्या में पहुंचे फैंस ने केक काटकर उनका जन्मदिन सेलिब्रेट किया और “हैप्पी बर्थडे माही” के नारों के साथ माहौल को उत्सवमय बना दिया।
रेलवे की नौकरी से टीम इंडिया तक का यादगार सफर
क्रिकेट में पहचान बनाने से पहले धोनी भारतीय रेलवे में पश्चिम बंगाल के खड़गपुर रेलवे स्टेशन पर टिकट कलेक्टर (TTE) के रूप में कार्यरत थे। नौकरी के साथ उन्होंने घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन किया, जिसके दम पर 23 दिसंबर 2004 को बांग्लादेश के खिलाफ भारतीय टीम में पदार्पण किया। शुरुआत भले ही साधारण रही, लेकिन 2005 में पाकिस्तान के खिलाफ विशाखापत्तनम में 148 रन और श्रीलंका के खिलाफ जयपुर में नाबाद 183 रन की विस्फोटक पारी ने उन्हें दुनिया के सबसे खतरनाक विकेटकीपर-बल्लेबाजों की श्रेणी में ला खड़ा किया।

कप्तानी में रचा इतिहास, ICC की तीनों ट्रॉफियां भारत के नाम
साल 2007 में एमएस धोनी को भारतीय टी20 टीम की कप्तानी सौंपी गई और उनकी अगुआई में भारत ने पहला टी20 विश्व कप जीतकर इतिहास रच दिया। इसके बाद 2011 में 28 साल बाद भारत को वनडे विश्व कप दिलाया, जिसमें उनका विजयी छक्का आज भी क्रिकेट प्रेमियों की यादों में ताजा है। 2013 में भारत ने उनकी कप्तानी में चैंपियंस ट्रॉफी भी अपने नाम की। धोनी दुनिया के इकलौते कप्तान हैं जिन्होंने ICC टी20 वर्ल्ड कप, ICC वनडे वर्ल्ड कप और ICC चैंपियंस ट्रॉफी तीनों खिताब जीते हैं। 15 अगस्त 2020 को उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लिया, लेकिन आईपीएल में चेन्नई सुपर किंग्स के लिए खेलना जारी रखा।
सेना का सम्मान, सादा जीवन और परिवार से खास जुड़ाव
धोनी बचपन से भारतीय सेना का हिस्सा बनकर देश की सेवा करना चाहते थे। उनके योगदान को देखते हुए वर्ष 2011 में उन्हें टेरिटोरियल आर्मी की पैराशूट रेजिमेंट में मानद लेफ्टिनेंट कर्नल की उपाधि दी गई। वर्ष 2015 में उन्होंने कठिन सैन्य प्रशिक्षण पूरा कर पांच सफल पैराशूट जंप लगाए और क्वालिफाइड पैराट्रूपर बने। निजी जीवन में धोनी ने 4 जुलाई 2010 को साक्षी सिंह से शादी की। दोनों की बेटी जीवा धोनी सोशल मीडिया पर काफी लोकप्रिय हैं। धोनी को बाइक, कार और पालतू जानवरों का भी खास शौक है। उनके रांची स्थित फार्महाउस में कई दुर्लभ नस्ल के कुत्ते, घोड़े और अन्य जानवर हैं।
क्रिकेट से फिल्मों तक, युवाओं के लिए प्रेरणा बने धोनी
क्रिकेट के मैदान पर सफलता हासिल करने के बाद धोनी अब मनोरंजन जगत में भी सक्रिय हैं। उन्होंने अपनी पत्नी साक्षी धोनी के साथ “धोनी एंटरटेनमेंट प्राइवेट लिमिटेड” की स्थापना की, जिसके बैनर तले तमिल फिल्म LGM (लेट्स गेट मैरिड) बनाई गई। एक साधारण परिवार से निकलकर रेलवे की नौकरी करने वाले युवक से विश्व क्रिकेट के सबसे सफल कप्तानों में शामिल होने तक का उनका सफर मेहनत, धैर्य और आत्मविश्वास की मिसाल है। यही वजह है कि एमएस धोनी आज भी करोड़ों युवाओं के लिए प्रेरणा और क्रिकेट प्रेमियों के दिलों के “कैप्टन कूल” बने हुए हैं।