Giridih News: गिरिडीह जिले के जमुआ प्रखंड की बदडीहा-2 पंचायत में सरकारी जमीन पर कथित अवैध पत्थर खनन के खिलाफ आवाज उठाना एक दिव्यांग शिकायतकर्ता को भारी पड़ गया। बदडीहा-2 निवासी देवनंदन राय ने आरोप लगाया है कि शिकायत करने के कारण हथियारबंद लोगों ने उनके घर पर हमला किया, परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट की और शिकायत वापस नहीं लेने पर जान से मारने की धमकी दी।
हथियारबंदों पर मारपीट, धमकी और शिकायत वापस लेने का दबाव बनाने का आरोप
देवनंदन राय ने जमुआ थाना में दिए लिखित आवेदन में बताया कि 3 जुलाई की रात करीब 10 बजे पांच नामजद लोग हथियार लेकर उनके घर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने देवनंदन राय, अभिमन्यु राय समेत परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मारपीट की। बीच-बचाव करने पहुंचीं महिलाओं के साथ भी गाली-गलौज और दुर्व्यवहार किया गया तथा भविष्य में किसी भी तरह की शिकायत नहीं करने की चेतावनी दी गई।
अवैध खनन की शिकायत के बाद परिवार को निशाना बनाने का आरोप
पीड़ित का कहना है कि उन्होंने गैर-मजरुआ सरकारी भूमि पर कथित अवैध खनन की शिकायत लगातार प्रशासनिक अधिकारियों से की थी और मीडिया के माध्यम से भी मामला उठाया था। उनका आरोप है कि इसी वजह से उन्हें और उनके परिवार को निशाना बनाया जा रहा है तथा शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाया जा रहा है।
जांच में कथित अनियमितता की पुष्टि का दावा
देवनंदन राय इससे पहले उपायुक्त, जिला खनन पदाधिकारी और खोरीमहुआ अनुमंडल पदाधिकारी को भी आवेदन दे चुके हैं। उनके अनुसार अंचल स्तर की जांच में स्वीकृत लीज क्षेत्र से बाहर सरकारी भूमि पर खनन गतिविधि होने की पुष्टि भी हुई थी, लेकिन अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पीड़ित परिवार ने सुरक्षा, एफआईआर और निष्पक्ष जांच की उठाई मांग
मारपीट और जान से मारने की धमकी के आरोप सामने आने के बाद पीड़ित परिवार ने पुलिस से सुरक्षा उपलब्ध कराने, नामजद आरोपियों के खिलाफ तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और पूरे कथित अवैध खनन मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। वहीं यह मामला शिकायतकर्ताओं की सुरक्षा और अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई को लेकर भी कई गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।