Jamshedpur News: जमशेदपुर के बिरसानगर पीएम आवास योजना के लाभुकों को शुक्रवार को फ्लैट की चाबी मिलने जा रही है. इस मौके पर जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने लाभार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि लंबे संघर्ष के बाद लोगों को उनका अधिकार मिल रहा है. हालांकि उन्होंने योजना के क्रियान्वयन और निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल भी उठाए.
शुरुआत से विवादों में रही योजना, 160 घरों के टूटने का भी किया जिक्र
सरयू राय ने कहा कि वर्ष 2018 में जल्दबाजी में योजना की आधारशिला रखी गई और कई अहम पहलुओं को नजरअंदाज कर दिया गया. उनके मुताबिक जिस जमीन पर परियोजना शुरू की गई, वहां ऊंचाई में करीब 30 फीट का अंतर था, जिसे संतुलित कर बेहतर आवासीय परिसर विकसित किया जा सकता था. उन्होंने आरोप लगाया कि योजना के कारण आसपास के 160 मकान आंशिक या पूरी तरह प्रभावित हुए और उन्हें बिना समुचित योजना के तोड़ दिया गया.
दो ब्लॉक तैयार, तीन साल पहले मिल जाने चाहिए थे फ्लैट
विधायक ने कहा कि कुल 22 ब्लॉक प्रस्तावित हैं, लेकिन अब तक केवल दो ब्लॉक ही तैयार हो सके हैं. उनके अनुसार लाभार्थियों को अपने फ्लैट करीब तीन साल पहले ही मिल जाने चाहिए थे, लेकिन देरी की वजह से उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा. उन्होंने यह भी कहा कि 2019 में विधायक बनने के बाद उन्होंने प्रभावित परिवारों के लिए दोबारा मकान निर्माण की पहल कराई थी.
ड्रेनेज और जल निकासी जैसी सुविधाएं अब भी अधूरी, सरकार से ध्यान देने की अपील
सरयू राय ने दावा किया कि परियोजना में अब भी कई जरूरी काम बाकी हैं. उन्होंने कहा कि ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह विकसित नहीं हुआ है और जल मल निकासी की व्यवस्था भी अधूरी है. इसके अलावा लगाए गए लिफ्ट अभी उपयोग में नहीं हैं. उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार शेष कार्यों को जल्द पूरा करेगी. साथ ही कहा कि लाभार्थियों को किसी तरह की परेशानी होने पर वह व्यक्तिगत स्तर पर मदद के लिए हमेशा तैयार रहेंगे.