Nicotine In Vegetables: जब भी निकोटिन का नाम सामने आता है, लोगों के मन में सबसे पहले सिगरेट और तंबाकू की तस्वीर उभरती है. निकोटिन को दुनिया के सबसे अधिक लत लगाने वाले पदार्थों में गिना जाता है. यही वजह है कि तंबाकू उत्पादों को सेहत के लिए बेहद नुकसानदायक माना जाता है. लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि कुछ ऐसी सब्जियां भी हैं, जो लगभग हर भारतीय रसोई का हिस्सा हैं और उनमें प्राकृतिक रूप से निकोटिन की बेहद मामूली मात्रा पाई जाती है. ऐसे में सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या इन सब्जियों का सेवन सुरक्षित है. आइए पूरी बात विस्तार से समझते हैं.
तंबाकू में मौजूद निकोटिन क्यों माना जाता है खतरनाक
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक तंबाकू का सेवन शरीर के लिए गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है. तंबाकू के धुएं में करीब 7000 तरह के रासायनिक तत्व पाए जाते हैं. इनमें लगभग 250 ऐसे केमिकल हैं जो मानव स्वास्थ्य के लिए हानिकारक माने जाते हैं, जबकि करीब 70 रसायन कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकते हैं.
निकोटिन तंबाकू का वही तत्व है जो इसकी लत लगने के पीछे सबसे बड़ी वजह माना जाता है. हालांकि यह जानकर कई लोग हैरान हो सकते हैं कि निकोटिन सिर्फ तंबाकू तक सीमित नहीं है.
शोध में सामने आई कई आम सब्जियों में निकोटिन की मौजूदगी
कुछ प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार कुछ सब्जियों में प्राकृतिक रूप से बेहद कम मात्रा में निकोटिन पाया जाता है. ये वही सब्जियां हैं जिनका इस्तेमाल अधिकांश घरों में रोजाना किया जाता है.
बैंगन में सबसे अधिक पाई जाती है प्राकृतिक निकोटिन की मात्रा
बैंगन उन सब्जियों में शामिल है जिनमें प्राकृतिक रूप से निकोटिन पाया जाता है. शोधकर्ताओं के अनुसार बैंगन के प्रति ग्राम में लगभग 100 नैनोग्राम निकोटिन मौजूद हो सकता है. अन्य सामान्य सब्जियों की तुलना में यह मात्रा अपेक्षाकृत अधिक मानी जाती है, लेकिन फिर भी यह स्वास्थ्य के लिए खतरे वाली श्रेणी में नहीं आती.
टमाटर में भी मौजूद होता है निकोटिन
सलाद से लेकर सब्जियों और ग्रेवी तक, टमाटर लगभग हर रसोई की जरूरत है. शोध के अनुसार कच्चे हरे टमाटर में प्रति ग्राम करीब 42.8 नैनोग्राम निकोटिन पाया जा सकता है. वहीं पके हुए टमाटर की प्यूरी में यह मात्रा लगभग 52 नैनोग्राम प्रति ग्राम तक दर्ज की गई है. कुछ अन्य अध्ययनों में टमाटर में करीब 10 नैनोग्राम प्रति ग्राम निकोटिन की मौजूदगी भी बताई गई है.
फूलगोभी में भी मिली निकोटिन की बेहद कम मात्रा
फूलगोभी भी उन सब्जियों में शामिल है जिनमें प्राकृतिक रूप से निकोटिन पाया जाता है. विभिन्न अध्ययनों में इसकी मात्रा अलग अलग बताई गई है. कुछ शोधों के अनुसार प्रति ग्राम फूलगोभी में करीब 16.8 नैनोग्राम निकोटिन पाया गया, जबकि अन्य अध्ययनों में यह मात्रा लगभग 3.8 नैनोग्राम प्रति ग्राम दर्ज की गई.
आलू में भी पाया जाता है निकोटिन
दुनियाभर में सबसे ज्यादा खाई जाने वाली सब्जियों में शामिल आलू में भी निकोटिन की थोड़ी मात्रा मौजूद होती है. शोध के अनुसार प्रति ग्राम आलू में लगभग 7.1 नैनोग्राम निकोटिन पाया जाता है. वहीं आलू के गूदे में यह मात्रा करीब 15.3 नैनोग्राम प्रति ग्राम तक हो सकती है.
क्या इन सब्जियों को खाना छोड़ देना चाहिए
सबसे महत्वपूर्ण सवाल यही है कि जब इन सब्जियों में निकोटिन मौजूद है तो क्या इन्हें खाना सुरक्षित है. विशेषज्ञों का जवाब साफ है. इन सब्जियों को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है.
दरअसल इन सब्जियों में निकोटिन की मात्रा बेहद मामूली होती है. अगर इसकी तुलना एक सिगरेट से की जाए तो अंतर बहुत बड़ा है. एक सामान्य सिगरेट में लगभग 1 करोड़ से 1 करोड़ 20 लाख नैनोग्राम तक निकोटिन मौजूद हो सकता है. वहीं सब्जियों में इसकी मात्रा सिर्फ कुछ नैनोग्राम प्रति ग्राम के स्तर पर होती है.
यही वजह है कि बैंगन, टमाटर, फूलगोभी और आलू जैसी सब्जियां सामान्य आहार का सुरक्षित हिस्सा मानी जाती हैं. इनमें मौजूद निकोटिन की मात्रा इतनी कम होती है कि इसका शरीर पर वैसा प्रभाव नहीं पड़ता जैसा तंबाकू या सिगरेट के सेवन से होता है.
निकोटिन का नाम सुनते ही अक्सर लोग इसे केवल सिगरेट और तंबाकू से जोड़कर देखते हैं, लेकिन वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि कुछ सामान्य सब्जियों में भी इसकी प्राकृतिक मात्रा पाई जाती है. हालांकि यह मात्रा बेहद कम होती है और स्वास्थ्य के लिए किसी तरह का खतरा पैदा नहीं करती. इसलिए बैंगन, टमाटर, फूलगोभी और आलू जैसी सब्जियों को अपनी डाइट से हटाने की जरूरत नहीं है. संतुलित और पौष्टिक आहार के रूप में इनका सेवन पूरी तरह सुरक्षित माना जाता है.