Kayastha Community Pandit Pradeep Mishra: हाल ही में महाराष्ट्र के बीड़ जिले में स्थित श्री छेत्र चाकरवाडी में शिव पुराण कथा के दौरान कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा द्वारा भगवान चित्रगुप्त जी के प्रति की गई अमर्यादित और आपत्तिजनक टिप्पणी ने कायस्थ समाज सहित सर्वसमाज में आक्रोश पैदा कर दिया है। इस टिप्पणी को धार्मिक मर्यादाओं का घोर अपमान माना जा रहा है।
कायस्थ समाज के लोग भगवान चित्रगुप्त जी को अपना आराध्य देवता मानते हैं और उनकी पूजा करते हैं। पंडित प्रदीप मिश्रा की टिप्पणी ने समाज की भावनाओं को आहत किया है और आक्रोश पैदा कर दिया है। अखिल भारतीय कायस्थ महासभा ने पंडित प्रदीप मिश्रा की टिप्पणी की कड़े शब्दों में निंदा की है और सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है।
पंडित प्रदीप मिश्रा ने अपनी कथा में कहा कि सात दिन चाकरवाडी में शिव पुराण की कथा सुनी है। मेरा सबूत लेना है तो संत ज्ञानेश्वर बाबा से ले लो चल इतना में डरा के कहना फालतु की बात करना मत तु मुझे पहचानता नहीं है। तेरे साथ तो नहीं जाऊंगा यमराज ने कहा अब किसको भेजू फिर अगला सन्देश चित्रगुप्त को भेजा तो कहा इस मुछन्दर के साथ नहीं जाऊंगा ये चित्रगुप्त फालतु की बात करना मत सबका हिसाब रखना मेरा मेरा नहीं रखना मेने तो भीड़ में कथा सुनी है।
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा ने पंडित प्रदीप मिश्रा से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। महासभा ने चेतावनी दी है कि यदि पंडित प्रदीप मिश्रा माफी नहीं मांगते हैं, तो कायस्थ समाज द्वारा पूरे देशभर में व्यापक स्तर पर लोकतांत्रिक माध्यमों से विरोध किया जाएगा।
पंडित प्रदीप मिश्रा की टिप्पणी को धार्मिक मर्यादाओं का घोर अपमान माना जा रहा है। भगवान चित्रगुप्त जी को कायस्थ समाज के आराध्य देवता के रूप में पूजा जाता है और उनकी टिप्पणी ने समाज की भावनाओं को आहत किया है।
कायस्थ समाज ने पंडित प्रदीप मिश्रा की टिप्पणी के विरोध में व्यापक स्तर पर आंदोलन करने की तैयारी शुरू कर दी है। समाज के लोग लोकतांत्रिक माध्यमों से अपना विरोध दर्ज कराएंगे और पंडित प्रदीप मिश्रा के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे।
कायस्थ समाज की मांग है कि पंडित प्रदीप मिश्रा सार्वजनिक रूप से माफी मांगें और अपनी टिप्पणी के लिए क्षमा याचना करें। समाज का मानना है कि यदि पंडित प्रदीप मिश्रा माफी मांगते हैं, तो इससे समाज की भावनाओं का सम्मान होगा और धार्मिक मर्यादाओं का पालन होगा।
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा ने चेतावनी दी है कि यदि पंडित प्रदीप मिश्रा माफी नहीं मांगते हैं, तो कायस्थ समाज द्वारा पूरे देशभर में व्यापक स्तर पर लोकतांत्रिक माध्यमों से विरोध किया जाएगा। समाज के लोग अपने अधिकारों के लिए लड़ने के लिए तैयार हैं और पंडित प्रदीप मिश्रा के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे।
कायस्थ समाज ने पंडित प्रदीप मिश्रा की टिप्पणी के विरोध में एकजुट होकर आंदोलन करने का फैसला किया है। समाज के लोग अपने आराध्य देवता के सम्मान के लिए लड़ने के लिए तैयार हैं और पंडित प्रदीप मिश्रा के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे।
कायस्थ समाज ने आंदोलन की रणनीति तैयार कर ली है। समाज के लोग लोकतांत्रिक माध्यमों से अपना विरोध दर्ज कराएंगे और पंडित प्रदीप मिश्रा के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे। समाज के लोग शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करेंगे और अपने अधिकारों के लिए लड़ेंगे।