Wipro Pune News: पुणे की एक पूर्व महिला आईटी प्रोफेशनल ने देश की प्रमुख टेक कंपनियों में शामिल विप्रो टेक्नोलॉजीज और अपनी एक सहकर्मी पर धार्मिक उत्पीड़न, कार्यस्थल पर भेदभाव तथा जबरन इस्तीफा दिलाने के गंभीर आरोप लगाए हैं. महिला ने हिंजवडी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराते हुए मामले की जांच की मांग की है. इसके साथ ही कंपनी को कानूनी नोटिस भेजकर 50 लाख रुपये के मुआवजे की मांग भी की गई है.
सहकर्मी पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने का आरोप
पीड़ित महिला का आरोप है कि कंपनी में कार्यरत उसकी सहकर्मी शाहिना रशीद लगातार उस पर इस्लाम धर्म अपनाने का दबाव बनाती थी. महिला के अनुसार सहकर्मी उसे मुस्लिम पुरुष के साथ संबंध बनाने और हिंदू धर्म छोड़ने की सलाह देती थी. पीड़िता का कहना है कि उसकी निजी जिंदगी में बार बार दखल दिया जाता था और उसे बताया जाता था कि धर्म परिवर्तन करने से उसके जीवन में बेहतर अवसर आएंगे तथा विदेश जाने की संभावनाएं भी बढ़ेंगी.
टीम मीटिंग में इस्तीफा देने के लिए बनाया गया दबाव
महिला ने दावा किया कि पिछले वर्ष अगस्त में आयोजित एक टीम मीटिंग के दौरान उस पर नौकरी छोड़ने का दबाव बनाया गया. उसका आरोप है कि उसे अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर नहीं दिया गया और परिस्थितियां ऐसी बनाई गईं कि उसे इस्तीफा देना पड़ा.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सामने आई पूरी शिकायत
यह मामला उस समय सार्वजनिक हुआ जब पुणे में हिंदू जनजागृति समिति द्वारा आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीड़ित महिला ने अपने अनुभव साझा किए. इस दौरान उसके वकील ने बताया कि मामले को लेकर हिंजवडी पुलिस स्टेशन में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई है और कंपनी को कानूनी नोटिस भी भेजा गया है.
वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी देने के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई
पीड़िता का कहना है कि उसने कथित उत्पीड़न और दबाव की जानकारी कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों को दी थी. हालांकि उसके अनुसार शिकायत पर कार्रवाई करने के बजाय कंपनी की ओम्बड्स कमेटी में उसी के खिलाफ शिकायत दर्ज कर दी गई. महिला का आरोप है कि उसकी बात को गंभीरता से नहीं लिया गया.
पुलिस ने शुरू की जांच
शिकायत मिलने के बाद हिंजवडी पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. फिलहाल पुलिस सभी आरोपों और उपलब्ध तथ्यों की पड़ताल कर रही है. मामले में आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी.
नासिक के चर्चित TCS मामले से भी जुड़ा संदर्भ
गौरतलब है कि इससे पहले नासिक स्थित एक बहुराष्ट्रीय आईटी कंपनी में भी महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न, धार्मिक दबाव और कार्यस्थल पर विवादों से जुड़ा मामला सामने आया था. उस प्रकरण में पुलिस ने कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था और मामले की जांच अभी भी चर्चा में रही है.