Ranchi News: रांची के रिम्स (RIMS) अस्पताल में पिछले कुछ दिनों से रजिस्ट्रेशन में हो रही देरी को लेकर प्रबंधन ने अपनी सफाई दी है. अस्पताल मैनेजमेंट ने बताया कि पुराने सिस्टम को बंद करके नए डिजिटल प्लेटफॉर्म को शुरू किया जा रहा है, जिसकी वजह से शुरुआत में कुछ तकनीकी दिक्कतें आईं. हालांकि, अब इस समस्या को काफी हद तक ठीक कर लिया गया है, जिससे मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी.
एनआईसी से सी-डैक सिस्टम पर शिफ्टिंग
रिम्स ने बताया कि पहले अस्पताल का सारा काम एनआईसी (NIC) के नेस्टजेन प्लेटफॉर्म पर चलता था, जिसे अब बदलकर सी-डैक (C-DAC) के ई-सुश्रुत (e-SUSHRUT) प्लेटफॉर्म पर शिफ्ट किया गया है. इस बदलाव के दौरान रजिस्ट्रेशन और बिलिंग का लिंक धीमा हो गया था, जिससे काउंटर पर मरीजों की भीड़ बढ़ गई थी. अब इंजीनियरों की स्पेशल टीम को लगाकर सॉफ्टवेयर को अपडेट कर दिया गया है.
आभा पोर्टल से मिलेंगी सुविधाएं
यह नया सिस्टम आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत लाया गया है, जो सीधे आभा (ABHA) पोर्टल से जुड़ा है. इसके पूरी तरह चालू होने के बाद मरीजों को ऑनलाइन ओपीडी रजिस्ट्रेशन, डॉक्टर अपॉइंटमेंट और ऑनलाइन पेमेंट जैसी सुविधाएं मिलेंगी. यही नहीं, मरीज देश के किसी भी कोने से अपनी लैब रिपोर्ट और पर्चा (ई-प्रिस्क्रिप्शन) ऑनलाइन डाउनलोड कर सकेंगे.
इमरजेंसी के लिए ऑफलाइन बैकअप तैयार
मैनेजमेंट ने साफ कर दिया है कि अगर कभी कोई तकनीकी दिक्कत या सर्वर डाउन की समस्या आती है, तो भी मरीजों को परेशान नहीं होना पड़ेगा. ऐसे समय में तुरंत ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू करने का आदेश दिया गया है ताकि किसी का इलाज न रुके. डिजिटल सेवाओं के मजबूत होने से आने वाले दिनों में रिम्स में इलाज कराना बेहद आसान और पारदर्शी हो जाएगा.