Jharkhand Politics: झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है. इसी सिलसिले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात कर चुनावी रणनीति पर चर्चा की. शनिवार सुबह मुख्यमंत्री आवास में हुई बैठक करीब एक घंटे तक चली, जिसमें आगामी राज्यसभा चुनाव और संभावित उम्मीदवारों को लेकर विचार-विमर्श किया गया.
कांग्रेस के खाते में सीट, नाम पर अंतिम फैसला बाकी
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि गठबंधन के भीतर एक सीट कांग्रेस को देने पर सहमति बन चुकी है. हालांकि उम्मीदवार कौन होगा, इस पर अभी अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है. सूत्रों के मुताबिक टिकट कांग्रेस की ओर से दिया जाएगा, लेकिन उम्मीदवार के चयन में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की राय अहम मानी जा रही है. फिलहाल पूरा मामला चेहरे के चयन पर आकर टिक गया है.
पुराने फॉर्मूले की फिर हो सकती है वापसी
राज्यसभा चुनाव को लेकर बन रहा यह समीकरण पिछले चुनाव की याद भी दिला रहा है. इससे पहले भी गठबंधन दलों के बीच आपसी समझदारी के आधार पर उम्मीदवार तय किया गया था. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस बार भी दोनों दल संतुलन साधते हुए ऐसा नाम सामने ला सकते हैं, जो सभी पक्षों को स्वीकार्य हो.
प्रदेश नेतृत्व के साथ भी हुई चर्चा
मुख्यमंत्री आवास में बैठक के दौरान प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं की भी मौजूदगी रही. चर्चा के बाद कांग्रेस के शीर्ष नेता अपने-अपने कार्यक्रमों के लिए रवाना हो गए. बैठक के बाद पार्टी के भीतर यह संकेत मिला कि राज्यसभा चुनाव को लेकर सकारात्मक प्रगति हुई है और जल्द ही तस्वीर साफ हो सकती है.
विधायकों की राय भी पहुंचाई जाएगी आलाकमान तक
बैठक के बाद कांग्रेस नेताओं ने प्रदेश के वरिष्ठ पदाधिकारियों और नेताओं से भी अलग से संवाद किया. बताया गया कि हाल के दिनों में विधायकों और संगठन के नेताओं से जो सुझाव और राय मिली है, उसे पार्टी नेतृत्व तक पहुंचाया जाएगा. राज्यसभा चुनाव को लेकर अंतिम निर्णय लेने से पहले सभी पक्षों की बातों पर विचार किया जाएगा.
संगठन के भीतर उठे कुछ सवाल
राज्यसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कुछ विधायकों और नेताओं ने संगठन के अंदर अपनी नाराजगी भी जाहिर की है. उनका कहना है कि कई बार उनकी बातों को पर्याप्त महत्व नहीं दिया जाता. हालांकि फिलहाल पार्टी नेतृत्व का पूरा ध्यान राज्यसभा चुनाव की रणनीति और गठबंधन की एकजुटता बनाए रखने पर केंद्रित है.
उम्मीदवार के नाम पर टिकी राजनीतिक नजरें
राज्यसभा चुनाव की तारीख नजदीक आते ही अब राजनीतिक दलों के भीतर गतिविधियां और तेज हो गई हैं. कांग्रेस और झामुमो के बीच समन्वय की तस्वीर लगभग साफ दिख रही है, लेकिन उम्मीदवार के नाम को लेकर उत्सुकता बनी हुई है. आने वाले दिनों में गठबंधन की ओर से कौन सा चेहरा सामने आता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं.