Jamshedpur News: कोल्हान विश्वविद्यालय के अंतर्गत स्थापित होने वाले नए डिग्री कॉलेजों में पद सृजन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने विभिन्न कॉलेजों में शैक्षणिक और प्रशासनिक पदों की संख्या तय कर दी है, जिसके आधार पर आगे शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि इससे नए कॉलेजों में शैक्षणिक गतिविधियां शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है।
सिर्फ असिस्टेंट प्रोफेसर पदों का सृजन, उठे सवाल
नए कॉलेजों में केवल असिस्टेंट प्रोफेसर के पद ही सृजित किए गए हैं। एसोसिएट प्रोफेसर और प्रोफेसर के एक भी पद का सृजन नहीं होने से उच्च स्तरीय शैक्षणिक नेतृत्व और शोध वातावरण को लेकर सवाल उठने लगे हैं। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि वरिष्ठ शिक्षकों की अनुपस्थिति से शुरुआती दौर में अकादमिक गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है।
2027 से शुरू होगी पढ़ाई, भवन निर्माण जारी
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार इन कॉलेजों में वर्ष 2027 से शैक्षणिक कार्य शुरू करने की योजना है। इसके लिए भवन निर्माण कार्य भी शुरू कर दिया गया है और इसे इस वर्ष के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। शुरुआती चरण में यूजी के सामान्य और वोकेशनल कोर्स की पढ़ाई शुरू होगी, जबकि बाद में पीजी पाठ्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे।
कॉलेजवार तय किए गए पदों की संख्या
पद सृजन के तहत डिग्री कॉलेज बंदगांव, हाटगम्हरिया, पोटका और गम्हरिया में 23-23 पद स्वीकृत किए गए हैं। वहीं चाकुलिया में 21, राजनगर में 22 और बोड़ा में 17 पदों का सृजन किया गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि आवश्यकता के अनुसार भविष्य में पदों की संख्या बढ़ाई भी जा सकती है।
ग्रामीण छात्रों को मिलेगा उच्च शिक्षा का लाभ
सभी नए कॉलेज ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय छात्रों को अपने क्षेत्र में ही उच्च शिक्षा का अवसर मिलेगा। विश्वविद्यालय का मानना है कि इस पहल से शिक्षा का दायरा बढ़ेगा, संसाधनों की कमी दूर होगी और क्षेत्र में बेहतर शैक्षणिक माहौल तैयार किया जा सकेगा।