Seraikela: सरायकेला-खरसावां जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत 23 मई को सभी मतदान केंद्रों पर अन-मैप्ड इलेक्टर लिस्ट प्रकाशित की जाएगी। जिन मतदाताओं का नाम वर्ष 2003 की पिछली मतदाता सूची से अब तक मैप नहीं हो पाया है, वे शुक्रवार को अपने संबंधित मतदान केंद्र पर जाकर सूची में अपना नाम देख सकते हैं।
सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक उपलब्ध रहेगी सूची
जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने बताया कि यह सूची सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक जिले के सभी मतदान केंद्रों पर उपलब्ध रहेगी। इसके लिए सभी बीएलओ (BLO) को अपने-अपने केंद्रों पर सूची प्रकाशित करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को समय पर बीएलओ तक सूची पहुंचाने को कहा गया है।
23 और 24 मई को बूथों पर मौजूद रहेंगे BLO
उपायुक्त ने बताया कि 23 और 24 मई को सभी बीएलओ सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक मतदान केंद्रों पर मौजूद रहेंगे। इस दौरान मतदाताओं के नामों का मिलान और मैपिंग का कार्य किया जाएगा।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई
समाहरणालय सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में उपायुक्त ने सभी निर्वाची निबंधन पदाधिकारियों और सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को नियमित निगरानी के निर्देश दिए। जिन बीएलओ का कार्य धीमा है, उनके लिए विशेष कार्य योजना बनाने और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त कर्मियों की तैनाती करने को कहा गया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारियों और कर्मियों को गंभीरता और पारदर्शिता के साथ कार्य करने का निर्देश दिया गया है।
जनप्रतिनिधियों को भी जोड़ा जाएगा
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि अभियान का स्थानीय स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए और जनप्रतिनिधियों को भी इससे जोड़ा जाए, ताकि अधिक से अधिक मतदाताओं तक जानकारी पहुंचे और मतदाता सूची शुद्धिकरण अभियान में लोगों की भागीदारी बढ़े।
मतदाताओं से की गई अपील
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने मतदाताओं से अपील की है कि यदि उनका नाम पिछली मतदाता सूची से मैप नहीं हुआ है, तो वे 23 मई को अपने मतदान केंद्र पर जाकर सूची अवश्य देखें और बीएलओ से संपर्क कर मैपिंग प्रक्रिया पूरी कराएं। बैठक में अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी सरायकेला अभिनव प्रकाश, अनुमंडल पदाधिकारी चांडिल विकास कुमार राय, उप निर्वाचन पदाधिकारी सुरेंद्र उरांव समेत सभी सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी मौजूद थे।