Ranchi: कोडरमा से भाजपा विधायक नीरा यादव ने प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर कांग्रेस सहित विपक्षी दलों पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर विपक्ष का रवैया पूरी तरह उजागर हो गया है और अब उनकी “चोरी पकड़ी” जा चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस विषय पर गंभीर नहीं थे, बल्कि केवल राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश में लगे रहे। नीरा यादव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी शुरू से ही महिला सशक्तिकरण, संतुलित प्रतिनिधित्व और लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध रही है और इसी सोच के तहत विशेष सत्र बुलाकर सभी दलों से सहयोग की अपील की गई थी।
विशेष सत्र और विपक्ष के रवैये पर उठाए सवाल
उन्होंने कहा कि 16, 17 और 18 अप्रैल को बुलाए गए विशेष सत्र का उद्देश्य एक ऐतिहासिक निर्णय लेना था, लेकिन इस दौरान कांग्रेस और विपक्षी दलों का आचरण निराशाजनक रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि जब विधेयक पारित नहीं हो सका, तो विपक्ष ने गंभीरता दिखाने के बजाय इसे उत्सव की तरह लिया। नीरा यादव ने राहुल गांधी के भाषण पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने अपने लंबे संबोधन में महिलाओं के मुद्दे पर एक शब्द तक नहीं कहा। उनके अनुसार, जब देशभर में इस रवैये का विरोध हुआ, तब कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने स्थिति संभालने के लिए “घड़ियाली आंसू” बहाने शुरू कर दिए।
महिला नेताओं और जनता को लेकर टिप्पणी
भाजपा विधायक ने कांग्रेस की महिला नेताओं पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि वे केवल पार्टी लाइन का पालन कर रही हैं और धरना-प्रदर्शन या पोस्टकार्ड अभियान के जरिए अपनी भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि दिल से समर्थन नहीं है, तो चुप रहना ही बेहतर है। नीरा यादव ने यह भी कहा कि अब कांग्रेस का असली चेहरा देश की जनता के सामने आ चुका है और लोग उनके इरादों को समझ चुके हैं। उनके मुताबिक, देश की महिलाएं अब भ्रमित नहीं होंगी और विपक्ष की रणनीतियों को पहचान चुकी हैं।
परिसीमन के मुद्दे पर भी कांग्रेस को घेरा
नीरा यादव ने कांग्रेस द्वारा परिसीमन का मुद्दा उठाने पर भी सवाल खड़े किए और पूछा कि क्या बिना परिसीमन के आरक्षण लागू किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने एक ऐतिहासिक अवसर को खो दिया है, जबकि भाजपा और एनडीए महिलाओं के अधिकारों को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में महिलाओं को उनका अधिकार जरूर मिलेगा और उन्हें किसी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है। इस प्रेस वार्ता में महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष आरती सिंह और रांची की महापौर रौशनी खलखो भी मौजूद रहीं।