Ranchi: रांची के जगन्नाथपुर मंदिर में हुए हत्या मामले को लेकर माहौल उस वक्त अचानक तनावपूर्ण हो गया, जब आदिवासी संगठनों के लोग मृतक के शव के साथ सड़क पर उतर आए। भारी संख्या में जुटे लोगों ने सड़क पर ही शव रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान हटिया डीएसपी समेत कई थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को सड़क जाम करने से रोकने की कोशिश की, लेकिन स्थिति धीरे-धीरे हंगामे में बदलती चली गई। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी देर तक तनातनी का माहौल बना रहा, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी जैसी स्थिति देखने को मिली।
प्रोजेक्ट भवन जाने वाली सड़क को जाम करने की कोशिश, बढ़ा तनाव
आदिवासी संगठनों के लोग प्रोजेक्ट भवन जाने वाली मुख्य सड़क को पूरी तरह जाम करना चाहते थे, जिससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई। प्रदर्शन के दौरान लोग बार-बार शव को उठाकर आगे बढ़ने की कोशिश करते दिखे, जबकि पुलिस उन्हें रोकने में जुटी रही। बीच-बीच में शव को सड़क पर रखकर विरोध जताया गया, जिससे यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया। हालात इतने बिगड़ गए कि मौके पर भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा, ताकि स्थिति को काबू में रखा जा सके और किसी बड़े टकराव को रोका जा सके।
आगजनी और सड़क जाम, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग तेज
जगन्नाथपुर मंदिर में हुई हत्या के विरोध में प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर आगजनी करते हुए अपना आक्रोश जाहिर किया और प्रशासन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया। आदिवासी संगठनों का कहना है कि जब तक इस मामले में शामिल अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शन के कारण पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और लोग स्थिति को लेकर चिंतित नजर आ रहे हैं। पुलिस लगातार समझाने की कोशिश कर रही है, लेकिन प्रदर्शनकारियों का गुस्सा फिलहाल शांत होता नहीं दिख रहा है।