Jharkhand News: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मंगलवार को प्रोजेक्ट भवन में आयोजित समारोह में 62 बाल विकास परियोजना पदाधिकारियों (CDPO) और 237 महिला पर्यवेक्षिकाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए. मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य गठन के बाद पहली बार इतने बड़े पैमाने पर इन पदों पर बहाली हुई है. उन्होंने विशेष रूप से बताया कि सीडीपीओ के पदों पर 50 प्रतिशत महिलाओं का चयन किया गया है, ताकि महिलाओं की समस्याओं का समाधान महिला अधिकारी ही संवेदनशीलता से कर सकें. यह कदम न केवल प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करेगा, बल्कि सामाजिक न्याय को भी धरातल पर उतारेगा.
कुपोषण के खात्मे और ग्रामीण स्वास्थ्य जागरूकता का संकल्प
नवनियुक्त पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने राज्य को कुपोषण मुक्त बनाने का कड़ा लक्ष्य दिया. उन्होंने चेतावनी दी कि कुपोषण एक ऐसा अभिशाप है जो समय पर इलाज न मिलने से जीवन भर की बाधा बन जाता है. इसके साथ ही, सीएम ने ग्रामीण क्षेत्रों में व्याप्त अंधविश्वास और ओझा-गुणी जैसी कुरीतियों पर प्रहार किया. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सुदूर गांवों तक पहुंचकर सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं को अंतिम पायदान तक पहुंचाएं, ताकि महिलाएं संकोच के कारण अपनी बीमारियों को छिपाने के बजाय समय पर उपचार पा सकें.
परफॉर्मेंस रैंकिंग और डिजिटल मॉनिटरिंग से बढ़ेगी जवाबदेही
प्रशासनिक पारदर्शिता के लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों की परफॉर्मेंस रैंकिंग करने और बेहतर कार्य करने वालों को पुरस्कृत करने की नई व्यवस्था घोषित की है. डिजिटल कनेक्टिविटी पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षकों और आंगनबाड़ी कर्मियों को टैबलेट इसीलिए दिए गए हैं ताकि सरकार के साथ सीधा संवाद बना रहे. उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि यदि सरकार से नेटवर्क टूटा, तो इसे कार्यप्रणाली में गड़बड़ी माना जाएगा. डेटा को अपडेट रखने और कार्यप्रणाली को आधुनिक बनाने के लिए अब विशेष डिजिटल प्रोग्राम चलाए जाएंगे.
सुदूर क्षेत्रों में सामूहिक प्रयास और निरंतर नियुक्तियों का भरोसा
मुख्यमंत्री ने समाज में बढ़ती दूरियों पर चिंता जताते हुए अधिकारियों से उन सुदूर गांवों तक पहुंचने की अपील की, जहां के लोगों ने कभी शहर नहीं देखा है. उन्होंने फिर से सामूहिक ग्रामीण सहयोग की भावना को जगाने पर जोर दिया और सांकेतिक रूप से अंकित कुमार, निधि सुमन और सोनम कुमारी जैसे अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे. कार्यक्रम में वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर और मुख्य सचिव अविनाश कुमार सहित कई वरीय पदाधिकारी मौजूद थे. मुख्यमंत्री ने अंत में आश्वस्त किया कि राज्य में नियुक्तियों का यह सिलसिला थमेगा नहीं और बड़े पैमाने पर बहाली जारी रहेगी.