Chandil News: चांडिल अनुमंडल के चैनपुर से लेकर प्रखंड सह अंचल कार्यालय तक की अधूरी सड़क को लेकर सैकड़ों ग्रामीणों ने मोर्चा खोल दिया है. ग्रामीण आंदोलनकारी एकता मंच के बैनर तले चिलचिलाती धूप की परवाह किए बिना बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतरे. प्रदर्शनकारियों ने पैदल रैली निकाली और हाथों में "सुरक्षित सड़क हमारा अधिकार" जैसी तख्तियां लेकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण अधूरा रहने से धूल और गड्ढों के कारण आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं.
अंचलाधिकारी को करना पड़ा विरोध का सामना
विरोध प्रदर्शन के दौरान स्थिति तब और तनावपूर्ण हो गई जब अंचल अधिकारी (CO) प्रदीप महतो को ग्रामीणों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा. प्रदर्शनकारियों के घेराव के कारण अंचलाधिकारी को अपनी गाड़ी छोड़ पैदल ही कार्यालय तक जाना पड़ा. कार्यालय परिसर के गेट पर ग्रामीणों ने सभा आयोजित कर प्रशासनिक सुस्ती और ठेकेदार की लापरवाही पर कड़ा प्रहार किया. ग्रामीणों का आरोप है कि लंबे समय से काम बंद होने के बावजूद अधिकारियों ने सुध नहीं ली है.
चरणबद्ध आंदोलन की दी चेतावनी
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने स्पष्ट कहा कि सड़क का यह टुकड़ा क्षेत्र की लाइफलाइन है, लेकिन इसे अधूरा छोड़ दिया गया है. ग्रामीणों ने प्रशासन को अल्टीमेटम दिया है कि यदि जल्द ही सड़क निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन करेंगे. प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि अगले चरण में सड़क को पूरी तरह जाम कर दिया जाएगा, जिसकी सारी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी.
अधूरी सड़क न केवल परिवहन में बाधा है, बल्कि यह गंभीर स्वास्थ्य और सुरक्षा संबंधी समस्याओं का कारण भी बन रही है. अब सबकी नजरें प्रशासन पर टिकी हैं कि क्या इस विरोध के बाद निर्माण कार्य में तेजी आती है या ग्रामीणों को अपनी बुनियादी मांग के लिए एक बार फिर सड़कों पर उतरना पड़ेगा.