Ranchi: रांची रेलवे स्टेशन रोड पर नगर निगम द्वारा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया, जिसके तहत सड़क किनारे वर्षों से चल रही दुकानों को हटा दिया गया। इस कार्रवाई के दौरान करीब 5-6 दुकानों को तोड़ दिया गया, जिससे वहां रोजी-रोटी चलाने वाले लोगों के सामने अचानक बड़ा संकट खड़ा हो गया। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि वे पिछले 40 वर्षों से इसी जगह पर अपना रोजगार चला रहे थे, लेकिन अचानक हुई इस कार्रवाई ने उनकी पूरी जिंदगी को प्रभावित कर दिया है।
बिना नोटिस कार्रवाई का आरोप
दुकानदारों ने आरोप लगाया है कि नगर निगम की ओर से उन्हें पहले किसी प्रकार का कोई नोटिस नहीं दिया गया। उनका कहना है कि बिना पूर्व सूचना के इस तरह की कार्रवाई करना उनके साथ अन्याय है। अचानक दुकानें टूटने से वे न तो अपना सामान सुरक्षित कर पाए और न ही किसी वैकल्पिक व्यवस्था के बारे में सोच सके, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ गई है।
नाली की समस्या अनदेखी, कार्रवाई पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि जिस इलाके में अतिक्रमण हटाया गया, वहां एक नाली की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। पिछले करीब दो महीनों से लोग इस नाली की सफाई को लेकर लगातार शिकायत कर रहे थे, लेकिन उस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। लोगों का कहना है कि जहां जरूरी काम नहीं किया गया, वहीं अचानक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर दी गई, जिससे निगम की प्राथमिकताओं पर भी सवाल उठ रहे हैं।
रोजगार को लेकर बढ़ी चिंता, वैकल्पिक व्यवस्था की मांग
दुकानों के टूटने के बाद प्रभावित लोगों के सामने अब रोजगार का संकट खड़ा हो गया है। दुकानदारों में इस कार्रवाई को लेकर भारी नाराजगी है और वे काफी परेशान नजर आ रहे हैं। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि उन्हें जल्द से जल्द किसी वैकल्पिक स्थान पर दुकान लगाने की व्यवस्था दी जाए, ताकि वे फिर से अपना रोजगार शुरू कर सकें और अपने परिवार का भरण-पोषण कर सकें।