Ranchi News : बोकारो की लापता युवती मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। मामले की सुनवाई के दौरान राज्य के डीजीपी को कोर्ट में वर्चुअल रूप से पेश होना पड़ा। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने याचिकाकर्ता के रिश्तेदार के साथ पुलिस द्वारा कथित मारपीट के मामले को गंभीरता से लिया। अदालत ने इस पूरे घटनाक्रम पर डीजीपी से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है, जिसे सीलबंद लिफाफे में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
लापता युवती मामले में जांच की धीमी रफ्तार पर भी कोर्ट नाराज
यह मामला बोकारो की एक 18 वर्षीय युवती के लापता होने से जुड़ा है, जो जुलाई 2025 से गायब है। इस संबंध में युवती की मां ने हाईकोर्ट में हेबियस कॉर्पस याचिका दायर की है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से बताया गया कि पुलिस ने उनके एक रिश्तेदार को हिरासत में लेकर बेरहमी से पिटाई की, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं और उनका इलाज रांची में चल रहा है। इस पर कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
हाईकोर्ट की बेंच, जिसकी अध्यक्षता न्यायमूर्ति सुजीत नारायण प्रसाद कर रहे हैं, ने डीजीपी से पूछा कि इस मामले में संबंधित पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की गई। कोर्ट ने यह भी निर्देश दिया कि अगली सुनवाई में डीजीपी विस्तृत रिपोर्ट के साथ फिर से उपस्थित हों।
इस मामले में पहले भी कोर्ट ने जांच की धीमी प्रगति और लापरवाही पर नाराजगी जताई थी। पुलिस द्वारा युवती की बरामदगी के लिए कई स्थानों पर छापेमारी की गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस सफलता नहीं मिली है।